राजस्थान: राजस्थान के कोटा जिले में स्थित ऐतिहासिक 1200 वर्ष प्राचीन चंद्रेसल मठ के महंत देवानंद महाराज की सनसनीखेज हत्या की गुत्थी को कोटा शहर पुलिस ने सुलझा लिया है. विशेष जांच दल ने मुस्तैदी दिखाते हुए वारदात के महज छह दिनों के भीतर इस चर्चित मामले का भंडाफोड़ किया है. पुलिस ने मर्डर की साजिश रचने वाले मुख्य सूत्रधार और उसके एक सहयोगी को गिरफ्तार कर लिया है. शुरुआती तफ्तीश के मुताबिक, इस जघन्य हत्याकांड को मठ की करोड़ों रुपये की अचल संपत्ति और प्रशासनिक ट्रस्ट पर नियंत्रण जमाने के विवाद में अंजाम दिया गया था.
आधी रात को हुआ था चाकुओं से हमला
यह वारदात बीती 5 जून की रात को चंद्रेसल मठ परिसर में घटित हुई. घटना के समय मायापुरी अखाड़े से जुड़े 35 वर्षीय महंत देवानंद महाराज और साथी संत नंदनवन अपनी-अपनी कुटिया में विश्राम कर रहे थे. उसी दौरान हमलावर दीवार फांदकर मठ में दाखिल हुए. आरोपियों ने सबसे पहले संत नंदनवन के कमरे का दरवाजा बाहर से बंद कर दिया, ताकि वे मदद के लिए बाहर न आ सकें.
चाकुओं से ताबड़तोड़ हमला
इसके बाद हमलावरों ने सोते हुए महंत देवानंद महाराज के कक्ष में घुसकर उन पर चाकुओं से ताबड़तोड़ प्रहार किए. जान बचाने के लिए जब महंत बाहर भागे, तो हत्यारों ने उन्हें घेरकर गर्दन और पीठ पर कई वार किए. अस्पताल में उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। वह मूल रूप से सवाई माधोपुर के रजवाना गांव के निवासी थे.
पकड़े गए आरोपी
संत समाज और स्थानीय लोगों में फैले आक्रोश के बाद पुलिस ने वैज्ञानिक साक्ष्यों, एफएसएल रिपोर्ट और मुखबिरों की सूचना के आधार पर मुख्य साजिशकर्ता संतोष राय और पुष्पेंद्र सिंह उर्फ प्रिंस को गिरफ्तार कर लिया है. वारदात में शामिल मुख्य शूटर आदित्य वर्मा और अंकित बैरवा फिलहाल फरार हैं, जिनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही हैं.
ट्रस्ट के विवाद में दी गई थी एक लाख की सुपारी
प्राचीन चंद्रेसल मठ के नाम करीब 750 बीघा कीमती जमीन और करोड़ों की संपत्ति है. ट्रस्ट की पुरानी कार्यकारिणी से जुड़ा स्थानीय अधिवक्ता संतोष कुमार राय मठ के संचालन पर अपना एकाधिकार बनाए रखना चाहता था. जबकि महंत देवानंद नई कार्यकारिणी को कानूनी मान्यता दिलाने का प्रयास कर रहे थे. इसी रंजिश के चलते संतोष राय ने महंत को रास्ते से हटाने के लिए आदित्य वर्मा नामक बदमाश को एक लाख रुपये की सुपारी दी थी. हत्या से पहले आरोपियों ने मठ की रेकी भी की थी. First Updated : Friday, 12 June 2026