Vijay Rally Stampede: तमिलनाडु के करूर जिले में अभिनेता और राजनेता विजय की रैली के दौरान मची भगदड़ ने पूरे राज्य को स्तब्ध कर दिया है. इस दर्दनाक हादसे में अब तक 39 लोगों की मौत हो चुकी है, जिनमें बच्चे और महिलाएं भी शामिल हैं. इस घटना ने न केवल आम जनता को बल्कि राज्य के नेताओं को भी गहराई से झकझोर दिया है.
भगदड़ के बाद घायल लोगों को अस्पतालों में भर्ती कराया गया. करूर हॉस्पिटल में जब स्कूल शिक्षा मंत्री अंबिल महेश पोय्यामोझी पीड़ितों से मिलने पहुंचे और मृतकों के शव देखे, तो वे अपनी भावनाओं पर काबू नहीं रख पाए और फूट-फूटकर रो पड़े. सोशल मीडिया पर इसका वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है.
इस भयावह दृश्य ने राज्य के शिक्षा मंत्री अंबिल महेश पोय्यामोझी को भी भावुक कर दिया. मंत्री अस्पताल पहुंचकर मृतकों और घायल लोगों से मिलने गए, लेकिन बच्चों के शव देखकर वे अपनी भावनाओं पर काबू नहीं रख पाए. करूर हॉस्पिटल में मौजूद शिक्षा मंत्री अंबिल महेश पोय्यामोझी ने अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए कहा, "उन्हें (आयोजकों) बार-बार शर्तों का पालन करने के लिए कहा गया था."
रैली में भारी भीड़ लंबे समय तक एक्टर विजय का इंतजार कर रही थी. लगभग छह घंटे की देरी के बाद जैसे ही रैली शुरू हुई, लोगों की भारी भीड़ बेकाबू हो गई और भगदड़ मच गई. इस भगदड़ में 39 लोगों की जान चली गई, जिनमें कई बच्चे और महिलाएं भी शामिल थीं.
जानकारी के मुताबिक, रैली के आयोजन स्थल पर सुरक्षा मानकों का पालन पर्याप्त रूप से नहीं किया गया. भारी भीड़ और आयोजकों की लापरवाही ने इस दुखद घटना को जन्म दिया.
हादसे के बाद अस्पतालों में बचाव कार्य जारी रहा. घायल लोगों की चीखें और परिजनों की सिसकियां इस दुखद घटना की भयावहता को उजागर कर रही थीं.
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने इस हादसे पर गहरा दुख जताया और सचिवालय में राज्य के शीर्ष अधिकारियों की बैठक बुलाई. उन्होंने सचिवालय में राज्य के शीर्ष अधिकारियों की बैठक बुलाई ताकि घटना की समीक्षा की जा सके. इसके साथ ही मृतकों के परिजनों के लिए 10 लाख रुपए और घायल लोगों के लिए 1 लाख रुपए मुआवजे का ऐलान किया गया. First Updated : Sunday, 28 September 2025