Weather Update: उत्तर भारत के कई राज्यों में बीते शुक्रवार और शनिवार को मौसम ने अचानक करवट ले ली. दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, पंजाब, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश से लेकर आंध्र प्रदेश तक तेज आंधी, बिजली, ओलावृष्टि और मूसलधार बारिश ने हड़कंप मचा दिया. मौसम विभाग ने साफ चेतावनी दी है कि अगले कुछ घंटों में भी हालात कुछ ऐसे ही बने रह सकते हैं. दिल्ली और आसपास के इलाकों में रेड अलर्ट जारी किया गया है.
शुक्रवार सुबह दिल्ली-एनसीआर में तेज आंधी और मूसलधार बारिश हुई, जिसने सड़कों से लेकर हवाई सफर तक सब कुछ रोक दिया. महज तीन घंटे में 77 मिमी बारिश रिकॉर्ड हुई — जो 1901 से अब तक मई महीने की दूसरी सबसे भारी वर्षा है. बारिश और तूफान की वजह से 8 लोगों की मौत हो गई, जिनमें 4 सिर्फ दिल्ली से थे.
तेज हवा और पानी ने न सिर्फ सड़कों को जाम किया बल्कि हवाई अड्डों पर भी अफरा-तफरी मचा दी. दिल्ली एयरपोर्ट पर 200 फ्लाइट्स लेट हो गईं. इधर-उधर 236 जगहों पर पेड़ गिरने की खबरें आईं. इससे ट्रैफिक पूरी तरह बिगड़ गया.
बारिश के चलते जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर भूस्खलन हुआ और मार्ग पूरी तरह बंद हो गया. मौसम विभाग का कहना है कि अगले 24 घंटे में और हल्की बारिश और तेज हवाएं (20-40 किमी/घंटा की रफ्तार) चल सकती हैं.
वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी और स्थानीय गर्मी की वजह से मौसम ने करवट ली है. स्काईमेट वेदर के एक्सपर्ट महेश पलावत ने बताया कि कई दिनों से 40 डिग्री से ज्यादा तापमान की वजह से वातावरण में नमी बढ़ गई थी. ऐसे में गरज के साथ बारिश और आंधी का आना एक मानसून-पूर्व प्रक्रिया है.
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में शुक्रवार की सुबह तेज आंधी और बारिश ने गर्मी से राहत तो दी, लेकिन किसानों के लिए ये मुसीबत बन गई. जिन खेतों में गेहूं सूखने के लिए पड़ा था, वो भीग गया, जिससे फसल खराब होने का डर है.
धौलपुर में आंधी में फंसी ट्रॉली पलटने से एक शख्स की मौत हो गई. फिरोजाबाद में बिजली गिरने से दो लोगों की जान चली गई और एक युवक गंभीर रूप से झुलस गया. एटा में एक किशोरी की मौत और दूसरी के झुलसने की खबर है.
राजगीर (नालंदा) में जब सीएम नीतीश कुमार का हेलीकॉप्टर लैंड कर रहा था, तो अचानक तेज हवा से पास का टीन शेड उड़ने लगा. गनीमत रही कि हेलीकॉप्टर सुरक्षित उतर गया. वहां मुख्यमंत्री खेल सुविधाओं के उद्घाटन के लिए पहुंचे थे. नियमों के मुताबिक, हेलीपैड के पास कोई अस्थायी निर्माण नहीं होना चाहिए. First Updated : Saturday, 03 May 2025