Milkipur By-Election Result: अयोध्या के मिल्कीपुर विधानसभा उपचुनाव में बीजेपी ने शानदार जीत हासिल की है. पार्टी ने इस सीट पर पुराने चेहरों के बजाय नए उम्मीदवार चंद्रभानु पासवान पर भरोसा जताया और उन्होंने पार्टी को उम्मीदों से भी बढ़कर सफलता दिलाई. चंद्रभानु ने 60 हजार से ज्यादा वोटों से जीत दर्ज की, जबकि समाजवादी पार्टी के अजीत प्रसाद शुरू से पीछे रहे. हार स्वीकार करते हुए, सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने अयोध्या पुलिस-प्रशासन पर चुनाव में धांधली का आरोप लगाया, लेकिन इस जीत को बीजेपी के लिए एक बड़ी सफलता के रूप में देखा जा रहा है.
चंद्रभानु पासवान रुदौली के परसौली गांव के निवासी हैं, पेशे से वकील हैं और अयोध्या के रुदौली क्षेत्र से दो बार जिला पंचायत सदस्य रह चुके हैं. उनके परिवार का साड़ी के व्यापार से भी गहरा जुड़ाव है और वह सूरत तथा रुदौली में इस कारोबार को चलाते हैं. चंद्रभानु की शैक्षिक योग्यता बीकॉम, एमकॉम और एलएलबी है. वे वर्तमान में बीजेपी की जिला इकाई में कार्य समिति के सदस्य भी हैं और 2024 के लोकसभा चुनाव में अनुसूचित जाति संपर्क प्रमुख के तौर पर कार्य कर चुके हैं.
मिल्कीपुर सीट पर उपचुनाव के लिए बीजेपी के पास कई दावेदार थे, जिसमें पूर्व विधायक गोरखनाथ बाबा और रामू प्रियदर्शी भी शामिल थे. हालांकि, चंद्रभानु ने सभी को पछाड़ते हुए पार्टी का टिकट हासिल किया. इस सीट पर बीजेपी को मजबूत समर्थन मिला, जिसमें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और कई मंत्रियों ने चुनाव प्रचार किया. सपा ने भी अपनी पूरी ताकत झोंकी और अखिलेश यादव तथा डिंपल यादव समेत कई नेताओं ने अजीत प्रसाद के समर्थन में जनसभाएं कीं.
मिल्कीपुर में कुल मतदाताओं की संख्या 3,58,000 है, और यहां सबसे प्रभावी वोट बैंक अनुसूचित जाति (पासी समाज) और पिछड़े वर्ग (यादव) के हैं. 2022 के विधानसभा चुनाव में सपा के अवधेश प्रसाद ने यहां जीत हासिल की थी, लेकिन 2024 के लोकसभा चुनाव में मिल्कीपुर की सीट पर बीजेपी को यह जीत सपा की हार का बदला माना जा रहा है.
इस उपचुनाव के परिणाम को बीजेपी की रणनीति की सफलता और चंद्रभानु पासवान की मेहनत का परिणाम माना जा रहा है, जो अब पार्टी के उभरते सितारे के रूप में सामने आए हैं. First Updated : Saturday, 08 February 2025