सीजफायर के कुछ दिन बाद ही पाकिस्तान ने अफगानिस्तान पर बरसाए गोले, चीन की मध्यस्थता हुई फेल
चीन की मध्यस्थता में पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच हाल ही में सीजफायर हुआ था, जो कि अब टूट गया है. पाकिस्तान ने अफगानिस्तान के पूर्वी इलाके में मोर्टार और मिसाइल से हमला किया.

नई दिल्ली: पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ गया है. चीन की मध्यस्थता में हाल ही में हुआ सीजफायर टूट गया है. अप्रैल 2026 में पाकिस्तान ने अफगानिस्तान के पूर्वी इलाके में मोर्टार और मिसाइल हमला किया, जिसमें 7 लोगों की मौत हो गई और 85 लोग घायल हो गए.
यूनिवर्सिटी और घर को बनाया निशाना
अफगानिस्तान के कुनार प्रांत के असदाबाद इलाके में पाकिस्तान की तरफ से दागे गए गोले और मिसाइलें एक यूनिवर्सिटी (सैयद जमालुद्दीन अफगानी यूनिवर्सिटी) और आसपास के घरों पर गिरी। अफगान अधिकारियों के अनुसार, मरने वालो और घायलों में आम नागरिक, छात्र, महिलाएं और बच्चे शामिल हैं.
तालिबान सरकार ने इस हमले की निंदा की है और इसे अपनी संप्रभुता का उल्लंघन बताया है. वहीं पाकिस्तान की सेना का कहना है कि यह कार्रवाई खुफिया जानकारी के आधार पर की गई थी. पाकिस्तान का दावा है कि उन्होंने तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) और आईएसआईएस-के जैसे आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया था.
चीन का सीजफायर क्यों हुआ फेल?
अप्रैल 2026 की शुरुआत में चीन ने पाकिस्तान और अफगानिस्तान (तालिबान सरकार) के बीच शांति वार्ता कराई. चीन के उरुमची शहर में दोनों पक्षों की बैठक हुई थी. चीन की कोशिश थी कि दोनों देश सीमा पर शांति बनाए रखें और आतंकवाद को रोके. कुछ दिनों तक युद्धविराम की उम्मीद जगी थी, लेकिन पुरानी समस्याएं जल्दी वापस लौट आई.
पाकिस्तान लगातार आरोप लगाता रहा कि अफगानिस्तान टीटीपी आतंकियों को पनाह दे रहा है और वे पाकिस्तान में हमले करवा रहे हैं. तालिबान इन आरोपों से इनकार करता है. नतीजा यह हुआ कि सीजफायर कुछ ही दिनों में टूट गया और हमले फिर शुरू हो गए.
दोनों देशों के बीच पुराना विवाद
पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच तनाव कई सालों से चला आ रहा है. पाकिस्तान का मुख्य आरोप है कि अफगानिस्तान की जमीन पर टीटीपी जैसे आतंकी समूह छिपकर पाकिस्तान में हमले कर रहे हैं. 2025 और 2026 में पाकिस्तान में टीटीपी के हमले बढ़ गए थे. इसके जवाब में पाकिस्तान ने कई बार अफगानिस्तान के अंदर हमले किए हैं.
अफगानिस्तान इन्हें अपनी संप्रभुता पर हमला मानता है और कहता है कि पाकिस्तान निर्दोष नागरिकों को निशाना बना रहा है. दोनों तरफ से आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला जारी है.


