Iran Israel war : खामेनेई की पत्नी ने दुनिया को कहा अलविदा...सुप्रीम लीडर पर अटैक के दौरान हुई थी घायल
अमेरिकी-इजरायल हमले में गंभीर रूप से घायल होने के बाद आज यानि सोमवार को ईरान के सुप्रीम लीडर रहे अयातुल्ला खामेनेई की पत्नी मंसूरे बागेरजादेह की मौत हो गई. इस खबर की पुष्टी ईरान की सरकारी मीडिया ने की है. ईरान ने अब इस ऐतिहासिक हमले का कड़ा बदला लेने और सैन्य ठिकानों को कुचलने का संकल्प लिया है.

नई दिल्ली : मध्य पूर्व में जारी भीषण संघर्ष ने अब एक और नया मोड़ ले लिया है. अमेरिका और इजरायल के संयुक्त हमले में घायल होने के बाद ईरान के दिवंगत सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की पत्नी मंसूरे खोजस्ते बागेरजादेह का सोमवार को इंतकाल हो गया. इस घटना ने पूरे ईरान को शोक और आक्रोश की अग्नि में झोंक दिया है. राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने इसे मुसलमानों के खिलाफ युद्ध की घोषणा करार देते हुए अपराधियों से ऐतिहासिक बदला लेने का संकल्प दोहराया है.
मंसूरे खोजस्ते बागेरजादेह का जीवन सफर
आपको बता दें कि मंसूरे खोजस्ते बागेरजादेह 79 वर्ष की थीं और उनका जन्म ईरान के मशहद में हुआ था. वह पूर्व आईआरईबी उप निदेशक हसन खोजस्ते बागेरजादेह की बहन थीं. 1964 में खामेनेई के साथ निकाह करने वाली मंसूरे ने सादगी के साथ अपना जीवन व्यतीत किया. उनके परिवार में चार बेटे और दो बेटियां हैं. हमले के वक्त वह तेहरान स्थित खामेनेई के आवास पर ही मौजूद थीं. उनकी मृत्यु के बाद अब समूचे ईरान में भारी शोक और आक्रोश की लहर साफ देखी जा रही है.
प्रतिशोध की आग में दहकता ईरान
सर्वोच्च नेता और उनकी पत्नी की मृत्यु के बाद ईरान का गुस्सा अब सातवें आसमान पर है. राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने सरकारी टेलीविजन पर भावुक और आक्रामक संबोधन दिया. उन्होंने कहा कि ईरान की बहादुर सेना अब दुश्मन के सैन्य अड्डों को धूल में मिला देगी. राष्ट्रपति ने जोर देकर कहा कि इस भीषण ऐतिहासिक अपराध के मास्टरमाइंडों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा. उनके अनुसार. बदला लेना अब ईरान का कानूनी और नैतिक अधिकार है. देश भर में सैन्य तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है.
अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर भीषण हमले
ईरान ने खाड़ी क्षेत्र में स्थित अमेरिकी ठिकानों पर ताबड़तोड़ हमले शुरू कर दिए हैं. रविवार को ईरान ने सनसनीखेज दावा किया कि उसने अमेरिका के विशाल विमानवाहक पोत यूएसएस अब्राहम लिंकन पर चार बैलिस्टिक मिसाइलें दागी हैं. इस दावे के बाद अंतरराष्ट्रीय सैन्य गलियारों में खलबली मच गई. हालांकि. यू.एस. सेंट्रल कमांड ने तुरंत एक बयान जारी कर इन दावों को मनगढ़ंत बताते हुए खारिज कर दिया है. अमेरिका का कहना है कि उनकी नौसेना पूरी तरह सुरक्षित है और वे किसी भी चुनौती के लिए तैयार हैं.
इजरायल और तेहरान के बीच बढ़ती जंग
ईरान का गुस्सा अब सीधे इजरायल पर भी बरस रहा है. सोमवार को ईरानी अधिकारियों ने दावा किया कि उन्होंने इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के कार्यालय को निशाना बनाकर जोरदार प्रहार किया है. यह खबर क्षेत्र में जंगल में आग की तरह फैल गई. लेकिन तेल अवीव ने इसे पूरी तरह 'झूठ' करार दिया है. इजरायल का कहना है कि ईरान मनोवैज्ञानिक युद्ध के तहत ऐसे दावे कर रहा है. दोनों देशों के बीच बढ़ा यह टकराव अब पूरी दुनिया के लिए चिंता का विषय है.
555 से अधिक ईरानी नागरिक शहीद
ईरानी रेड क्रिसेंट सोसाइटी ने एक चौंकाने वाली रिपोर्ट जारी की है. जिसके अनुसार इस संघर्ष में अब तक 555 से अधिक ईरानी नागरिक शहीद हो चुके हैं. ईरान के लगभग 130 शहरों पर हवाई और मिसाइल हमले किए गए हैं. अमेरिका और इजरायल ने ईरान के महत्वपूर्ण मिसाइल स्थलों और नौसेना को भारी नुकसान पहुँचाया है. पश्चिमी देशों का दावा है कि उन्होंने ईरान के कई युद्धपोतों को समंदर में डुबो दिया है. इस तबाही ने ईरानी जनजीवन को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है.


