नई दिल्ली: ईरान-इजराइल संघर्ष के दौरान जिन तीन बड़े नेताओं के मारे जाने की खबरें सामने आई थी, वे अब ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्लाह अली खामेनेई के अंतिम विदाई समारोह में दिखाई दिए. इनमें पूर्व राष्ट्रपति महमूद अहमदीनेजाद, इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के वरिष्ठ कमांडर अहमद वाहिदी और कुद्स फोर्स के प्रमुख इस्माइल कानी शामिल हैं. इनकी मौजूदगी के बाद कई तरह की चर्चाएं तेज हो गई हैं.
खामेनेई के जनाजे में इन तीनों नेताओं की मौजूदगी ने उन दावों पर सवाल खड़े कर दिए, जिनमें युद्ध के दौरान इनके मारे जाने की बात कही गई थी. समारोह में शामिल होने के दौरान तीनों नेताओं को सार्वजनिक रूप से देखा गया, जिससे यह स्पष्ट हुआ कि वे जीवित हैं.
पूर्व राष्ट्रपति महमूद अहमदीनेजाद के बारे में युद्ध के दौरान मौत की खबरें सामने आई थी. हालांकि, उस समय ईरान की ओर से कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई थी. अब वे सार्वजनिक रूप से नजर आए हैं.
वहीं अहमद वाहिदी के बारे में भी हमले में मारे जाने के दावे किए गए थे. समारोह में शामिल होने के दौरान उन्होंने कहा कि ईरान किसी भी दबाव के आगे झुकने वाला नहीं है और देश अपनी सुरक्षा के लिए हर संभव कदम उठाता रहेगा.
कुद्स फोर्स के प्रमुख इस्माइल कानी भी अंतिम विदाई समारोह में मौजूद रहे. युद्ध के दौरान उनके मारे जाने और घायल होने जैसी कई खबरें सामने आई थी. अब उनकी सार्वजनिक मौजूदगी ने इन अटकलों पर विराम लगा दिया है. कानी को ईरान के शीर्ष नेतृत्व के करीबी नेताओं में गिना जाता है.
दूसरी ओर, खामेनेई के बेटे मुज्तबा खामेनेई अंतिम विदाई समारोह में शामिल नहीं हुए. ईरानी अधिकारियों के अनुसार, सुरक्षा कारणों और संभावित खतरे को देखते हुए उन्होंने सार्वजनिक कार्यक्रम से दूरी बनाई. बताया गया कि जनाजे की नमाज वरिष्ठ धार्मिक नेता अयातुल्लाह हसन नूरी ने अदा कराई. First Updated : Tuesday, 07 July 2026