डोनाल्ड ट्रंप के बहिष्कार से भड़के रामाफोसा, G-20 में अमेरिका की अनुपस्थिति पर तीखी प्रतिक्रिया

दक्षिण अफ्रीका में आयोजित जी-20 शिखर सम्मेलन में अमेरिका के शामिल न होने पर अफ्रीकी व्यापार, उद्योग और प्रतिस्पर्धा मंत्री पार्क्स ताऊ ने कड़ी नाराजगी जताई.

Suraj Mishra
Edited By: Suraj Mishra

दक्षिण अफ्रीका में आयोजित जी-20 शिखर सम्मेलन में अमेरिका के शामिल न होने पर अफ्रीकी व्यापार, उद्योग और प्रतिस्पर्धा मंत्री पार्क्स ताऊ ने नाराजगी जताई. उन्होंने मीडिया ब्रीफिंग में कहा कि अमेरिका की अनुपस्थिति दुर्भाग्यपूर्ण है, क्योंकि वैश्विक व्यापार, विश्व व्यापार संगठन (WTO), औद्योगीकरण, विकास के लिए वित्तपोषण और कर्ज जैसे अहम मुद्दों पर गंभीर चर्चा हुई, जिनमें अमेरिका की आवाज़ सुनना महत्वपूर्ण था.

अमेरिकी बहिष्कार पर क्या बोले पार्क्स ताऊ?

पार्क्स ताऊ ने यह भी स्पष्ट किया कि अमेरिकी बहिष्कार के बावजूद व्यापारिक बातचीत जारी रहेंगी और किसी भी नकारात्मक प्रभाव का आकलन G20 के परिणामों के आधार पर ही किया जाना चाहिए. उन्होंने बताया कि जोहान्सबर्ग में हुए शिखर सम्मेलन में लिए गए फैसलों पर नजर रखी जाएगी, खासकर जब अगले महीने से अमेरिका G20 की अध्यक्षता संभालेगा.

पार्क्स ताऊ ने कहा कि विभिन्न देशों के साथ हुए समझौतों की प्रगति, बहुपक्षीय व्यवस्था पर प्रभाव और संयुक्त राष्ट्र जैसे मंचों पर रखे जाने वाले प्रस्तावों को ट्रैक किया जाएगा. इसके अलावा, WTO में सुधार और उसके निहितार्थों पर चर्चा को भी लगातार देखा जाएगा.

AGOA यानी अफ्रीकी विकास और अवसर अधिनियम के संबंध में ताऊ ने कहा कि यह अभी भी एजेंडे में है. यह अधिनियम 2000 में लागू हुआ था और अफ्रीका के उप-सहारा देशों को अमेरिकी बाजार तक शुल्क-मुक्त पहुंच प्रदान करता है. हालांकि, ट्रंप प्रशासन द्वारा विभिन्न देशों के लिए अलग-अलग शुल्क लगाने से इस पर असर पड़ा. पार्क्स ताऊ ने बताया कि अमेरिकी कांग्रेस में हालिया शटडाउन के कारण निर्णय प्रक्रिया प्रभावित हुई थी, लेकिन अब यह पुनः शुरू हो चुकी है और AGOA के लिए लॉबिंग जारी रखी जाएगी.

मंत्री ने कहा कि अफ्रीकी राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा ने सभी अफ्रीकी ब्लॉकों के प्रमुखों को आमंत्रित किया ताकि अफ्रीका की आवाज़ जी-20 में मजबूत हो. शिखर सम्मेलन में क्रिटिकल मिनरल्स, अफ्रीकी देशों के कर्ज का बोझ और पूंजी की ऊंची लागत जैसे मुद्दों पर ठोस सहमति बनी है.

ट्रंप ने जी-20 का बहिष्कार क्यों किया?

ट्रंप ने जी-20 का बहिष्कार किया था और इसका कारण दक्षिण अफ्रीका में श्वेत किसानों (अफ्रीकानर्स) के कथित दुर्व्यवहार को बताया. हालांकि, दक्षिण अफ्रीकी अधिकारियों ने इसे खारिज किया. ट्रंप की अनुपस्थिति में, राष्ट्रपति रामफोसा ने कहा कि शिखर सम्मेलन की अध्यक्षता प्रतीकात्मक रूप से खाली कुर्सी को दी जाएगी.

पार्क्स ताऊ ने अंत में कहा कि जी-20 के फैसलों का असर तुरंत नहीं दिखेगा, लेकिन सदस्य देश एक-दूसरे के प्रति जवाबदेह रहेंगे और साझेदार देशों को उनके वादों के लिए उतना ही उत्तरदायी ठहराया जाएगा जितना वे हमें ठहराते हैं.

ताजा खबरें

ट्रेंडिंग वीडियो

close alt tag