नई दिल्ली: महिलाएं अक्सर बाल झड़ने, चेहरे पर मुंहासे या अनचाहे बाल जैसी समस्याओं को सिर्फ ब्यूटी से जुड़ी परेशानी मान लेती हैं. ऐसे में वे पार्लर जाकर अलग-अलग ट्रीटमेंट कराने लगती हैं, लेकिन कई बार ये समस्याएं शरीर में हार्मोनल गड़बड़ी, पीसीओएस (PCOS) या इंसुलिन रेजिस्टेंस का संकेत भी हो सकती हैं. इसलिए इन लक्षणों को सिर्फ कॉस्मेटिक समस्या समझकर नजरअंदाज नहीं करना चाहिए.
अगर पेट के निचले हिस्से में मोटे और गहरे रंग के बाल उग रहे हैं, तो यह केवल वैक्सिंग से खत्म नहीं होंगे. यह हार्मोनल असंतुलन या पीसीओएस का संकेत हो सकता है.
अगर बाल तेजी से पतले हो रहे हैं या झड़ रहे हैं, तो केवल हेयर ट्रीटमेंट या महंगे प्रोडक्ट्स से फायदा नहीं मिलेगा. इसके पीछे हार्मोन से जुड़ी समस्या हो सकती है.
चेहरे के साथ अगर पीठ पर भी मुंहासे या दाने निकल रहे हैं, तो यह भी हार्मोनल बदलाव का संकेत माना जाता है. ऐसे में केवल स्किन प्रोडक्ट्स से समस्या पूरी तरह ठीक नहीं होती.
मूंछ और दाढ़ी वाले हिस्से में बाल उगना और बार-बार पिंपल्स आना भी पीसीओएस का लक्षण हो सकता है. ऐसी स्थिति में डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है.
अगर ये लक्षण लंबे समय तक बने रहें, तो केवल पार्लर या घरेलू उपायों पर निर्भर न रहें. सही जांच और समय पर इलाज से हार्मोनल समस्याओं को नियंत्रित किया जा सकता है. स्वस्थ खानपान, नियमित व्यायाम और अच्छी जीवनशैली अपनाकर इन परेशानियों को काफी हद तक कम किया जा सकता है. First Updated : Friday, 26 June 2026