Video: चलो बुलावा आया है... नवरात्रि के पहले दिन माता वैष्णो देवी मंदिर में उमड़ा भक्तों का सैलाब

Vaishno Devi Temple: चैत्र नवरात्रि के पहले दिन माता वैष्णो देवी धाम में भक्तों का जनसैलाब उमड़ पड़ा. श्रद्धालु माता रानी के दर्शन के लिए लंबी कतारों में खड़े नजर आ रहे हैं. मंदिर परिसर जय माता दी के जयकारों से गूंज उठा है. इंटरनेट पर इसके कई वीडियो वायरल हो रहे हैं.

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Vaishno Devi Temple: जम्मू और कश्मीर स्थित माता वैष्णो देवी धाम में चैत्र नवरात्रि के पहले दिन श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी. पूरे क्षेत्र में "जय माता दी" के गगनभेदी जयकारे गूंज रहे थे. भक्त माता रानी के दिव्य दर्शन के लिए कतारों में खड़े नजर आए. माता के दरबार को भव्य रूप से सजाया गया, जिससे श्रद्धालुओं का उत्साह चरम पर पहुंच गया.

चैत्र नवरात्रि के इस पावन अवसर पर वैष्णो देवी मंदिर को रंग-बिरंगे पुष्पों और ताजे फूलों से सुसज्जित किया गया है. हर साल की तरह इस बार भी माता का दरबार भक्तों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बना हुआ है. देश-विदेश से आए श्रद्धालु माता के अलौकिक रूप और भव्य साज-सज्जा को देखकर अभिभूत हो रहे हैं.

माता वैष्णो देवी धाम में के दरबार में उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब

नवरात्रों के दौरान श्रद्धालुओं की संख्या में भारी वृद्धि देखी गई. 28 मार्च को 34,630 भक्त माता के दर्शन को पहुंचे, जबकि 29 मार्च को नवरात्रि की पूर्व संध्या तक शाम 5 बजे तक 30,000 से अधिक श्रद्धालु भवन की ओर रवाना हो चुके थे. भक्तजन माता के दर्शनों के साथ-साथ मंदिर की अलौकिक सजावट को देखकर भाव-विभोर हो रहे हैं.

सुरक्षा और दर्शन की विशेष व्यवस्था

श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन और पुलिस द्वारा सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. मंदिर परिसर में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है, जिससे दर्शन की व्यवस्था सुचारू रूप से संचालित हो सके. श्राइन बोर्ड ने भी यह सुनिश्चित किया है कि सभी पंजीकरण केंद्र खुले रहें, ताकि श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो.

मां वैष्णो देवी की गुफाओं के द्वार खुले

नवरात्रि के इस शुभ अवसर पर माता वैष्णो देवी की सभी कृत्रिम गुफाओं के द्वार खोल दिए गए हैं. भक्तजन इन गुफाओं में प्रवेश कर माता रानी के दिव्य स्वरूप के दर्शन कर रहे हैं. श्राइन बोर्ड द्वारा पंजीकरण की प्रक्रिया को भी सरल बनाया गया है, जिससे दूर-दराज से आने वाले भक्त बिना किसी परेशानी के दर्शन कर सकें. First Updated : Sunday, 30 March 2025