एलन मस्क की सैटेलाइट आधारित इंटरनेट सेवा स्टारलिंक ने 25 जुलाई को एक बड़े तकनीकी व्यवधान का सामना किया, जिससे 140 से अधिक देशों के लाखों उपयोगकर्ता प्रभावित हुए. उच्च गुणवत्ता और भरोसेमंद कनेक्टिविटी के लिए पहचानी जाने वाली इस सेवा के नेटवर्क अचानक ठप हो गए. इसका असर उन राउटर्स पर पड़ा जो स्टारलिंक नेटवर्क से जुड़े थे, जिससे कई क्षेत्रों में इंटरनेट पूरी तरह से बंद हो गया.
रिपोर्ट के अनुसार, यह संकट एक आंतरिक सॉफ़्टवेयर फेल्योर के चलते हुआ, जिसने कंपनी की मुख्य सेवाओं को प्रभावित किया. यह समस्या इतनी व्यापक थी कि कई देशों में एक साथ कनेक्टिविटी बाधित हो गई. हालांकि, आमतौर पर स्टारलिंक जैसी सेवाएं इतनी गंभीर आउटेज का सामना नहीं करतीं, जिससे यह स्थिति और भी असामान्य बन गई.
कंपनी ने अपने एक्स (पूर्व में ट्विटर) अकाउंट पर पोस्ट करके इस आउटेज की पुष्टि की और बताया कि वह इसका हल निकालने पर काम कर रही है. स्टारलिंक ने अपने बयान में लिखा कि हम वर्तमान में नेटवर्क आउटेज में हैं और सक्रिय रूप से समाधान लागू कर रहे हैं.
स्पेसएक्स में स्टारलिंक इंजीनियरिंग के वाइस प्रेसिडेंट माइकल निकोल्स ने लगभग 2.5 घंटे बाद जानकारी दी कि नेटवर्क लगभग पूरी तरह से ठीक हो चुका है. उन्होंने कहा कि यह व्यवधान स्टारलिंक के कोर नेटवर्क को संभालने वाली मुख्य आंतरिक सेवाओं की विफलता के कारण हुआ था.
निकोल्स ने यह भी आश्वासन दिया कि कंपनी इस गड़बड़ी के मूल कारण का पता लगाकर भविष्य में ऐसी स्थिति न हो, इसकी पूरी तैयारी करेगी. आउटेज की शुरुआत रात 1:35 बजे नोट की गई और लगभग 3:53 बजे सेवाएं बहाल होने लगीं. First Updated : Friday, 25 July 2025