रोजगार से लेकर सुरक्षा तक... बंगाल में बीजेपी ने लॉन्च किया ‘भरोसे का शपथ पत्र’, किए कई बड़े वादे

पश्चिम बंगाल चुनाव 2026 से पहले बीजेपी ने अपना संकल्प पत्र जारी कर कई बड़े वादे किए हैं. पार्टी ने सुरक्षा, रोजगार और विकास को मुद्दा बनाया है, जिससे चुनावी मुकाबला और दिलचस्प हो गया है.

Shraddha Mishra

कोलकाता में राजनीतिक हलचल उस समय तेज हो गई जब पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 को लेकर बीजेपी ने अपना संकल्प पत्र जारी किया. इस घोषणापत्र को पार्टी ने ‘भरोसे का शपथ पत्र’ नाम दिया है, जिसमें राज्य के विकास, सुरक्षा और रोजगार से जुड़े कई बड़े वादे किए गए हैं. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कोलकाता के एक कार्यक्रम में इसे लॉन्च करते हुए कहा कि यह दस्तावेज बंगाल की जनता को निराशा से बाहर निकालने का रास्ता दिखाएगा.

बीजेपी ने अपने घोषणापत्र में छह प्रमुख वादों को खास तौर पर सामने रखा है. इनमें राज्य में भय का माहौल खत्म कर भरोसा कायम करना, सरकारी व्यवस्था को जवाबदेह बनाना और सभी बड़े घोटालों व गंभीर मामलों की जांच शामिल है. इसके अलावा पार्टी ने भ्रष्टाचार में शामिल लोगों को जेल भेजने, अवैध घुसपैठ रोकने और सातवें वेतन आयोग को लागू करने का भी वादा किया है.

अमित शाह का विपक्ष पर हमला

संकल्प पत्र जारी करते हुए अमित शाह ने तृणमूल कांग्रेस सरकार पर जमकर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि पिछले 15 वर्षों में राज्य की जनता को उम्मीद के बजाय निराशा मिली है. उन्होंने दावा किया कि किसान, युवा और महिलाएं आज बदलाव चाहती हैं और बीजेपी उनके लिए एक बेहतर विकल्प बनकर सामने आई है. शाह ने यह भी कहा कि पार्टी का लक्ष्य बंगाल की संस्कृति को आगे बढ़ाते हुए उसे विकसित भारत के विजन से जोड़ना है.

घोषणापत्र की खास बातें

बीजेपी ने अपने घोषणापत्र में कई बड़े और विस्तृत वादे किए हैं. पार्टी ने अवैध घुसपैठ पर सख्त कार्रवाई करते हुए ‘डिटेक्ट और डिपोर्ट’ नीति लागू करने की बात कही है. इसके साथ ही, सातवें वेतन आयोग को 45 दिनों के भीतर लागू करने, गरीब और मध्यम वर्ग के लोगों को हर महीने आर्थिक सहायता देने और केंद्र सरकार की योजनाओं को राज्य में लागू करने का वादा भी किया गया है. महिलाओं के लिए स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार, मुफ्त टीकाकरण और कैंसर जांच की सुविधा देने की बात कही गई है. साथ ही, छह महीने के भीतर यूनिफॉर्म सिविल कोड लागू करने का भी जिक्र किया गया है.

रोजगार और विकास पर जोर

पार्टी ने राज्य में रोजगार बढ़ाने के लिए एक करोड़ नौकरियों और स्वरोजगार के अवसर पैदा करने का लक्ष्य रखा है. छोटे उद्योगों और स्टार्टअप्स को बढ़ावा देने की योजना भी इसमें शामिल है. कृषि क्षेत्र में धान की खरीद के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य बढ़ाने और किसानों को बेहतर योजनाएं देने का वादा किया गया है. इसके अलावा चाय बागानों के पुनर्जीवन और जूट उद्योग के आधुनिकीकरण पर भी ध्यान देने की बात कही गई है.

कानून-व्यवस्था और सुरक्षा पर फोकस

बीजेपी ने कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए कई कदमों का ऐलान किया है. पार्टी ने राजनीतिक हिंसा की जांच के लिए रिटायर्ड जज के नेतृत्व में आयोग बनाने और पुलिस व्यवस्था को मजबूत करने का वादा किया है. इसके अलावा महिलाओं की सुरक्षा के लिए हर क्षेत्र में महिला थाने खोलने और पुलिस व अन्य नौकरियों में 33 प्रतिशत आरक्षण देने की बात कही गई है.

बीजेपी का कहना है कि यह संकल्प पत्र राज्य में बदलाव की दिशा तय करेगा. पार्टी ने कोलकाता और अन्य शहरों के विकास के लिए भी विशेष योजनाएं तैयार करने की बात कही है. 

वहीं, पश्चिम बंगाल में चुनाव दो चरणों में होने हैं. पहले चरण के लिए 23 अप्रैल और दूसरे चरण के लिए 29 अप्रैल को मतदान होगा.

ताजा खबरें

ट्रेंडिंग वीडियो