दिल्ली में सियासी घमासान, राहुल गांधी के नेतृत्व में गांधी स्मृति पहुंचे विपक्षी सांसद
NEET पेपर लीक विवाद के बीच दिल्ली में सियासी माहौल गरमा गया है. राहुल गांधी के नेतृत्व में विपक्षी सांसद गांधी स्मृति पहुंचे, जबकि जंतर-मंतर क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ाने के साथ मोबाइल इंटरनेट सेवाएं अस्थायी रूप से बंद कर दी गईं.

नई दिल्ली: दिल्ली में NEET पेपर लीक विवाद को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है. एक ओर जंतर-मंतर और आसपास के इलाके में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है. वहीं दूसरी ओर राहुल गांधी के नेतृत्व में INDIA गठबंधन के सांसद गांधी स्मृति (30 जनवरी मार्ग) पहुंचे है और प्रदर्शन कर रहे छात्रों के समर्थन में खड़े नजर आ रहे है. इसी बीच बीच गृह मंत्रालय ने एहतियात के तौर पर जंतर-मंतर से 1.5 किलोमीटर के दायरे में शाम 4 बजे से रात 12 बजे तक मोबाइल इंटरनेट सेवाएं निलंबित करने का फैसला लिया है. हालांकि राहुल गांधी के गांधी स्मृति पहुंचे से पहले काफी विवाद देखने को मिला.
बता दें, जैसे ही विपक्षी गठबंधन INDIA के कई सांसद राहुल गांधी के नेतृत्व में गांधी स्मृति (30 जनवरी मार्ग) जाने के लिए निकले, दिल्ली पुलिस ने रास्ते में बैरिकेडिंग और बसें लगाकर उनके काफिले को आगे बढ़ने से रोक दिया. इतना ही नहीं इस दौरान इलाके में सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी कर दी गई.
#WATCH | Delhi: Lok Sabha LoP and Congress MP Rahul Gandhi, along with INDIA bloc MPs, reach Gandhi Smriti as they continue their protest over the NEET paper leak. pic.twitter.com/fv3yxO0y7e
— ANI (@ANI) July 23, 2026
छात्रों को देने का रही थे श्रद्धांजलि
बता दें, राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर कहा कि विपक्षी सांसद उन छात्रों को श्रद्धांजलि देने जा रहे थे, जिन्होंने पेपर लीक के बाद अपनी जान गंवाई, और उन छात्रों के समर्थन में खड़े होना चाहते थे जो आंदोलन के दौरान घायल हुए. उन्होंने कहा कि छात्रों की आवाज़ को दबाया नहीं जाना चाहिए और पूरा विपक्ष उनके साथ खड़ा है.
Right now, MPs and leaders of the INDIA alliance are peacefully heading to Gandhi Smriti on Tees January Marg.
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) July 23, 2026
We go to remember the students we lost - the children driven to take their own lives after the NEET paper leak.
And we go to stand with the students who lie injured…
कुछ ही दूरी पर पुलिस रोकी बस
हालांकि, पुलिस ने राहुल गांधी की बस को कुछ ही दूरी तय करने के बाद रोक दिया. वहीं मौके पर भारी संख्या में पुलिस, अर्धसैनिक बल और रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) की तैनाती की गई थी कांग्रेस का आरोप है कि पुलिस ने पहले से बसें और बैरिकेड लगाकर उनका रास्ता बंद कर दिया. कांग्रेस नेता संदीप दीक्षित ने सवाल उठाते हुए कहा कि जब सांसद संसद जा सकते हैं तो गांधी स्मृति जाने से क्यों रोका जा रहा है.
No one can stop us from standing with the students of India.
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) July 23, 2026
भारत के छात्रों के साथ खड़े होने से हमें कोई नहीं रोक सकता। pic.twitter.com/ALypCpklbX
इस दौरान प्रियंका गांधी भी बस के भीतर सुरक्षा अधिकारियों से बातचीत करती नजर आईं. विपक्षी दलों की योजना गांधी स्मृति पहुंचकर छात्रों के समर्थन में शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने की थी. राहुल गांधी के साथ शिवसेना (यूबीटी), तृणमूल कांग्रेस, एनसीपी (शरद पवार गुट), राजद, झामुमो, समाजवादी पार्टी, माकपा, भाकपा और अन्य दलों के कई सांसद भी मौजूद थे.
केंद्रीय मंत्री मुरली मनोहर जोशी ने जताई चिंता
उधर, पूर्व केंद्रीय मंत्री और बीजेपी के वरिष्ठ नेता मुरली मनोहर जोशी ने भी छात्र आंदोलन को लेकर चिंता जताई हैं. उन्होंने कहा कि छात्रों की समस्याएं वास्तविक हैं और उनका समाधान संवेदनशीलता व संवाद के जरिए होना चाहिए. उन्होंने महिलाओं और युवाओं पर बल प्रयोग पर भी दुख व्यक्त किया.


