महाराष्ट्र के नागपुर से एक बेहद दर्दनाक और विचलित कर देने वाला मामला सामने आया है. 35 वर्षीय अमित यादव नामक व्यक्ति ने जब अपनी पत्नी को सड़क हादसे में खो दिया, तो उसने उसकी मदद के लिए राहगीरों से गुहार लगाई, लेकिन किसी ने नहीं सुनी. मजबूरी में उसने अपनी पत्नी के शव को मोटरसाइकिल से बांधा और अकेले ही उसे अंतिम संस्कार के लिए अपने गांव ले जाने लगा. यह घटना सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो के माध्यम से लोगों तक पहुंची और प्रशासन में हलचल मचा दी.
यह दुखद घटना 9 अगस्त, रक्षाबंधन के दिन हुई. अमित यादव अपनी पत्नी ग्यारसी के साथ नागपुर के लोनारा से मध्य प्रदेश के करणपुर स्थित अपने गांव जा रहे थे. जैसे ही वे मोरफटा इलाके के पास पहुंचे, एक तेज़ रफ़्तार ट्रक ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी. इस टक्कर में ग्यारसी सड़क पर गिर पड़ी और ट्रक ने उसे कुचलते हुए घटनास्थल से फरार हो गया.
हादसे के तुरंत बाद अमित ने घटनास्थल पर मदद के लिए लोगों से गुहार लगाई. उसने राह चलते वाहनों को रोका, हाथ जोड़े, लेकिन किसी ने उसकी पीड़ा पर ध्यान नहीं दिया. सड़क पर तड़पते हुए अकेले, अमित ने अपनी पत्नी के शव को उठाया और उसे अपनी बाइक पर बांधकर घर की ओर रवाना हो गया.
जब अमित नागपुर-जबलपुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर बाइक से शव लेकर जा रहा था, तभी एक पुलिस वैन ने उस पर ध्यान दिया. यह पूरी घटना कथित तौर पर पुलिस द्वारा रिकॉर्ड की गई, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया. पुलिस ने उसे रोककर शव को नागपुर के इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज में पोस्टमार्टम के लिए भेजा.
पुलिस ने इस हादसे को गंभीरता से लेते हुए आकस्मिक मृत्यु (Accidental Death) का मामला दर्ज किया है. अधिकारियों ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी. साथ ही ट्रक चालक की तलाश जारी है. इस मामले में सीसीटीवी फुटेज और चश्मदीदों के बयान जुटाए जा रहे हैं.
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, अमित यादव और उसकी पत्नी नागपुर के लोनारा क्षेत्र में किराए पर रहते थे, लेकिन वे मूल रूप से मध्य प्रदेश के सिवनी जिले के करणपुर गांव के रहने वाले हैं. ग्यारसी की अचानक मौत और मदद न मिलने से अमित पर दुख का पहाड़ टूट पड़ा.
First Updated : Monday, 11 August 2025