पुणे में हैवानियत की हदें पार, बेटा न होने के चलते पति ने पत्नी पर फेंका एसिड
पुणे ग्रामीण इलाके में एक शख्स ने क्रूरता की सारी हदें पार करते हुए अपनी ही पत्नी के प्राइवेट पार्ट पर टॉयलेट साफ करने वाला एसिड फेंक दिया. इस खौफनाक हमले में महिला गंभीर रूप से झुलस गई है.

पुणे: महाराष्ट्र के पुणे से एक बेहद दिल दहला देने वाली और अमानवीय घटना सामने आई है, जिसने मानवीय संवेदनाओं को झकझोर कर रख दिया है. पुणे ग्रामीण इलाके में एक शख्स ने क्रूरता की सारी हदें पार करते हुए अपनी ही पत्नी के प्राइवेट पार्ट पर टॉयलेट साफ करने वाला एसिड फेंक दिया. इस खौफनाक हमले में महिला गंभीर रूप से झुलस गई है. आरोपी पति इस बात से नाराज था कि उसकी पत्नी ने बेटे को जन्म क्यों नहीं दिया और वह उस पर चरित्रहीनता का शक भी करता था.
दरिंदगी के बाद कमरे में किया बंद
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, 30 वर्षीय आरोपी एक फैब्रिकेशन यूनिट में वेल्डर का काम करता है. दंपति की दो बेटियां हैं. आरोपी अक्सर अपनी पत्नी पर शक करता था और बेटा न होने को लेकर उसे प्रताड़ित करता था. 20 अप्रैल को आरोपी काम से घर लौटा और गुस्से में आकर पत्नी के साथ बुरी तरह मारपीट करने लगा. इसके बाद उसने जबरन महिला के प्राइवेट पार्ट पर एसिड उड़ेल दिया.
क्रूरता की सारी हदें पार
इस क्रूरता के बाद भी आरोपी का दिल नहीं पसीजा. महिला दर्द से तड़पती रही, लेकिन आरोपी ने उसे डॉक्टर के पास ले जाने से साफ मना कर दिया और उसे घर में ही कैद कर रखा. साथ ही धमकी दी कि अगर उसने इस बारे में किसी को भी बताया या पुलिस से शिकायत की, तो अंजाम बहुत बुरा होगा.
पूरी आपबीती सुनाई
आरोपी ने उसे मायके जाने से भी रोक दिया था. करीब 20 दिन तक नरक भोगने के बाद, 9 मई को जब पति काम पर गया हुआ था, तब पीड़िता किसी तरह अपनी दोनों बेटियों को लेकर वहां से भाग निकली. वह सीधे सोलापुर तालुका में स्थित अपने मायके पहुंची और माता-पिता को पूरी आपबीती सुनाई.
बेटियों के साथ भागी पीड़िता
परिजन उसे लेकर 14 मई को पुणे ग्रामीण पुलिस के पास पहुंचे. उरुली कंचन पुलिस स्टेशन के सीनियर इंस्पेक्टर सचिन वांगड़े ने बताया कि महिला की शिकायत और मेडिकल जांच के बाद 15 मई को औपचारिक मामला दर्ज कर लिया गया है. पुलिस ने आरोपी पति के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 115 (स्वेच्छा से चोट पहुंचाना) और धारा 124 (एसिड के इस्तेमाल से गंभीर चोट पहुंचाना) के तहत केस दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है.


