भारत में चल रहे CJP प्रदर्शन पर पाकिस्तान ने आखिर क्या कहा? पहली बार सामने आया आधिकारिक बयान
CJP आंदोलन पर पाकिस्तान ने पहली बार प्रतिक्रिया देते हुए इसे भारत का आंतरिक मामला बताया और किसी भी तरह की टिप्पणी करने से इनकार कर दिया.

नई दिल्ली: दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के आंदोलन को लेकर पहली बार पाकिस्तान की आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आई है. सोशल मीडिया पर इस मुद्दे को लेकर कई तरह की चर्चाओं के बीच पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने साफ कर दिया कि वह इस मामले पर कोई टिप्पणी नहीं करेगा. पाकिस्तान ने इसे पूरी तरह भारत का आंतरिक मामला बताया है.
पाकिस्तान ने क्या कहा?
साप्ताहिक प्रेस ब्रीफिंग के दौरान पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ताहिर अंद्राबी से पूछा गया कि क्या भारत में प्रदर्शनकारियों के साथ हो रही कार्रवाई मानवाधिकारों से जुड़ा मुद्दा है. इस पर उन्होंने कहा कि यह भारत का आंतरिक विषय है और पाकिस्तान ऐसे मामलों पर कोई टिप्पणी नहीं करता.
Weekly Press Briefing by the Spokesperson @TahirAndrabi
On India - related Query. pic.twitter.com/ZRWsuPnSWC — Ministry of Foreign Affairs - Pakistan (@ForeignOfficePk) July 23, 2026
पाकिस्तान के इस बयान को इसलिए भी अहम माना जा रहा है क्योंकि हाल के दिनों में CJP आंदोलन को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी चर्चाएं तेज हुई थी.
पांचवें सप्ताह में पहुंचा आंदोलन
दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहा CJP का प्रदर्शन अब पांचवें सप्ताह में प्रवेश कर चुका है. प्रदर्शनकारी NEET-UG पेपर लीक मामले में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे, परीक्षा प्रणाली में सुधार और कथित अनियमितताओं के लिए जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं.
संसद मार्च के बाद बढ़ा तनाव
20 जुलाई को आयोजित 'संसद चलो' मार्च के दौरान प्रदर्शनकारियों और दिल्ली पुलिस के बीच झड़प हुई थी. प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि पुलिस ने उन्हें रोकने के लिए लाठीचार्ज और आंसू गैस का इस्तेमाल किया. वहीं, पुलिस का कहना है कि प्रदर्शनकारियों ने सुरक्षा बैरिकेड तोड़ने की कोशिश की, जिसके बाद स्थिति को नियंत्रित करने के लिए आवश्यक कदम उठाए गए.
सरकार बातचीत के पक्ष में
केंद्र सरकार का कहना है कि वह आंदोलनकारियों से बातचीत के लिए तैयार है. केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह के अनुसार, सरकार कई बार वार्ता का प्रस्ताव दे चुकी है. हालांकि, CJP का कहना है कि बातचीत किसी सरकारी आवास या कार्यालय में नहीं, बल्कि तटस्थ स्थान पर होनी चाहिए.
सोनम वांगचुक ने खत्म किया अनशन
इस बीच सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने अपना 25 दिन से अधिक समय तक चला अनशन समाप्त कर दिया है. उन्होंने बताया कि सरकार के साथ बातचीत और देश में शांति बनाए रखने की जरूरत को देखते हुए यह फैसला लिया गया.
साथ ही उन्होंने समर्थकों से शांतिपूर्ण तरीके से आंदोलन जारी रखने की अपील की. फिलहाल CJP का प्रदर्शन जारी है और सरकार तथा आंदोलनकारियों के बीच बातचीत को लेकर सभी की नजरें अगले घटनाक्रम पर टिकी हुई हैं.


