भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच चल रही वनडे सीरीज़ के तीसरे मुकाबले में दक्षिण अफ्रीकी ओपनर क्विंटन डिकॉक ने शानदार शतक जड़कर सभी का ध्यान अपनी ओर खींच लिया. शुरुआती दो मैचों में वह अपने खेल की छाप नहीं छोड़ पाए थे, लेकिन विशाखापत्तनम में खेले जा रहे निर्णायक मुकाबले में उन्होंने अपने अनुभव और क्लास का बेहतरीन प्रदर्शन किया.
डिकॉक ने मात्र 80 गेंदों में शतक पूरा करते हुए भारतीय गेंदबाज़ों पर दबाव बना दिया. भारत के खिलाफ डिकॉक का रिकॉर्ड हमेशा ही प्रभावशाली रहा है. उन्होंने वनडे क्रिकेट में टीम इंडिया के खिलाफ एक और शतक जोड़ते हुए इस संख्या को सात तक पहुंचा दिया. खास बात यह है कि भारत के खिलाफ वह जितनी भी बार अच्छी शुरुआत करते हैं, अक्सर उसे बड़े स्कोर में बदल ही देते हैं. आंकड़ों के मुताबिक, उन्होंने भारत के सामने अब तक नौ बार पचास से अधिक का स्कोर बनाया है, जिनमें से सात बार वह तीन अंकों तक पहुंचे हैं.
इस शानदार शतक के साथ ही डिकॉक ने श्रीलंका के दिग्गज सलामी बल्लेबाज़ सनथ जयसूर्या का लंबे समय से कायम वर्ल्ड रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया. भारत के खिलाफ वनडे में सर्वाधिक शतकों का रिकॉर्ड पहले जयसूर्या के नाम था, जिन्होंने 85 पारियों में सात शतक लगाए थे. लेकिन डिकॉक ने मात्र 24 पारियों में ही सात शतक ठोककर यह रिकॉर्ड ध्वस्त कर दिया और नई उपलब्धि हासिल की.
इस मुकाबले में भारतीय कप्तान केएल राहुल ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया. इस फैसले के साथ भारत ने वनडे क्रिकेट में लगातार 20 बार टॉस हारने की कड़वी श्रृंखला को भी समाप्त किया. भारतीय टीम में एक बदलाव किया गया, जहां वाशिंगटन सुंदर की जगह युवा बल्लेबाज़ तिलक वर्मा को अंतिम एकादश में शामिल किया गया. दूसरी ओर, दक्षिण अफ्रीका को भी मजबूरन दो बदलाव करने पड़े. नांद्रे बर्गर और टोनी डी जॉर्जी चोट के चलते बाहर हो गए, जिसके बाद रयान रेकलटन और ओटनील बार्टमैन को टीम में मौका दिया गया.
तीन मैचों की यह सीरीज़ इस मुकाबले से पहले 1-1 की बराबरी पर थी. भारत ने रांची में खेले गए पहले वनडे में 17 रन से जीत दर्ज की थी, जबकि दक्षिण अफ्रीका ने रायपुर में हुए दूसरे मैच में चार विकेट से वापसी की थी. तीसरा मैच इसलिए दोनों टीमों के लिए निर्णायक बन गया और इसी पृष्ठभूमि में डिकॉक का यह शतक और भी अहम हो गया. First Updated : Saturday, 06 December 2025