'पूरे बंगाल में TMC की जीत होगी' ममता बनर्जी ने भवानीपुर से भरा पर्चा, नामांकन से पहले निकाला पैदल मार्च

ममता बनर्जी ने आज बुधवार को भवानीपुर विधानसभा सीट से TMC उम्मीदवार के रूप में अपना नामांकन दाखिल कर दिया है.नामांकन भरने से पहले उन्होंने अपने चिर-परिचित अंदाज में 800 मीटर पैदल मार्च किया.

Sonee Srivastav

कोलकाता: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बुधवार 8 अप्रैल को भवानीपुर विधानसभा सीट से तृणमूल कांग्रेस (TMC) की उम्मीदवार के रूप में अपना नामांकन दाखिल कर दिया है. नामांकन भरने से पहले उन्होंने अपने चिर-परिचित अंदाज में 800 मीटर पैदल मार्च किया. इस दौरान उनके साथ पार्टी के बड़े नेता और हजारों कार्यकर्ता मौजूद रहे.

दरअसल ममता बनर्जी कालीघाट स्थित अपने आवास से पैदल निकली. रास्ते में दोनों तरफ खड़े समर्थकों को उन्होंने हाथ जोड़कर अभिवादन किया. वे अलीपुर सर्वे बिल्डिंग पहुंचकर नामांकन पत्र जमा किया.

ममता ने की जीत की अपील

नामांकन दाखिल करने के बाद ममता बनर्जी ने कहा कि वे सिर्फ भवानीपुर नहीं, बल्कि पूरे बंगाल की सभी 294 सीटों पर टीएमसी की जीत चाहती हैं. उन्होंने वोटर लिस्ट से नाम कटने पर दुख जताते हुए कहा, “SIR प्रक्रिया के दौरान बंगाल में बहुत से लोगों के नाम हटा दिए गए, इससे मुझे बहुत दुख हुआ है.”

शुभेंदु अधिकारी से होगी टक्कर

भवानीपुर सीट पर ममता बनर्जी का मुकाबला भाजपा के शुभेंदु अधिकारी से होगा. शुभेंदु अधिकारी ने पिछले सप्ताह केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की मौजूदगी में इस सीट से नामांकन भरा था. दोनों नेताओं के बीच यह मुकाबला अब प्रतिष्ठा की लड़ाई बन गया है. भवानीपुर 2026 के विधानसभा चुनाव का एक बड़ा प्रतीक बन चुका है. बता दें, ममता बनर्जी इस सीट से पहले तीन बार विधायक रह चुकी हैं.

भवानीपुर को कहते हैं 'मिनी इंडिया'

भवानीपुर इलाका विविधता से भरा हुआ है. यहां बंगाली मध्यमवर्गीय परिवारों के अलावा मारवाड़ी, गुजराती, पंजाबी, सिख, जैन और बड़ी संख्या में मुस्लिम आबादी रहती है. आंकड़ों के अनुसार यहां लगभग 42 प्रतिशत बंगाली हिंदू, 34 प्रतिशत गैर-बंगाली हिंदू और 24 प्रतिशत मुस्लिम मतदाता हैं. कुल मिलाकर तीन-चौथाई मतदाता हिंदू हैं.

राजनीतिक दल अक्सर भवानीपुर को ‘मिनी इंडिया’ कहते हैं क्योंकि यहां हर धर्म और समुदाय के लोग रहते हैं. ममता बनर्जी के नामांकन के साथ ही भवानीपुर सीट पर चुनावी सरगर्मी और बढ़ गई है. अब देखना होगा कि यह प्रतिष्ठा की लड़ाई किसके पक्ष में जाती है.

ताजा खबरें

ट्रेंडिंग वीडियो