NEET पेपर लीक का मास्टरमाइंड राजा बाबू कौन है? 4 साल से फेल हो रहा MBBS छात्र के स्कॉर्पियो में मिले लाखों रुपये
NEET पेपर लीक मामले का कथित मास्टरमाइंड राजा बाबू बिहार के पावापुरी मेडिकल कॉलेज का 2022 बैच का छात्र है. पुलिस ने नालंदा जिले में गाड़ी चेकिंग के दौरान उसके गैंग के सदस्यों को पकड़ा, जिनके पास नकदी, एडमिट कार्ड और संदिग्ध चैट मिले.

पटना: NEET-UG 2026 पेपर लीक घोटाले में CBI जांच कर रही है. महाराष्ट्र के नासिक के बाद अब बिहार से भी बड़े खुलासे हो रहे हैं. नालंदा जिले में पुलिस ने परीक्षा से पहले रात के समय गाड़ी चेकिंग अभियान चलाया. पावापुरी मोड़ पर दो संदिग्ध गाड़ियों को रोका गया, जिनमें से एक काली स्कॉर्पियो में कई युवक सवार थे.
कथित मास्टरमाइंड राजा बाबू
जांच में सबसे चर्चित नाम उज्जवल राज उर्फ राजा बाबू का है. पुलिस के मुताबिक, वह मुजफ्फरपुर का रहने वाला है और पावापुरी के भगवान महावीर आयुर्विज्ञान संस्थान (BMIMS) मेडिकल कॉलेज का 2022 बैच का छात्र है.
राजा बाबू पिछले 4 साल से MBBS की परीक्षाओं में लगातार फेल हो रहा था, लेकिन वह कॉलेज में बना रहा. जांच एजेंसियों का मानना है कि वह पूरे पेपर लीक नेटवर्क का मुख्य सूत्रधार (मास्टरमाइंड) हो सकता है. CBI भी उसकी तलाश में है और उसके खिलाफ पहले से केस दर्ज है.
गाड़ी से मिले अहम सबूत
पुलिस ने स्कॉर्पियो की तलाशी ली तो नकदी, NEET और अन्य परीक्षाओं के एडमिट कार्ड, पैसे के लेन-देन के प्रमाण और संदिग्ध चैट मिले. पूछताछ में कई चौंकाने वाली बातें सामने आई. पुलिस का दावा है कि इस कार्रवाई के कारण सॉल्वर गैंग परीक्षा केंद्र तक नहीं पहुंच सका.
कई आरोपी गिरफ्तार
इस मामले में अमन कुमार सिंह और पंकज कुमार को गिरफ्तार किया गया है. पंकज कुमार भी मेडिकल छात्र है और पुलिस उसे नेटवर्क का मुख्य आरोपी मान रही है. राजा बाबू की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी चल रही है. मोबाइल कॉल डिटेल्स और चैट से कई महत्वपूर्ण सुराग मिले हैं.
पावापुरी मेडिकल कॉलेज सुर्खियों मेंइस घोटाले में पावापुरी का BMIMS मेडिकल कॉलेज चर्चा में आ गया है. यह बिहार सरकार का मेडिकल संस्थान है, जिसकी स्थापना 2013 में हुई थी. राजा बाबू समेत कई आरोपी इस कॉलेज से जुड़े बताए जा रहे हैं.
गौरतलब हो कि NEET-UG 2026 परीक्षा 3 मई को हुई थी, जिसमें करीब 23 लाख छात्र शामिल हुए थे. राजस्थान से शुरू हुए इस मामले में अब बिहार कनेक्शन सामने आने के बाद जांच और गंभीर हो गई है. CBI पूरे नेटवर्क को पकड़ने की कोशिश कर रही है।राजा बाबू की गिरफ्तारी के बाद इस बड़े घोटाले की कई परतें खुलने की उम्मीद है.


