रायपुर: अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2026 के मौके पर छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साई ने योग को स्वस्थ और संतुलित जीवन की कुंजी बताया है. बता दें, सरगुजा जिले के पीजी कॉलेज ग्राउंड में आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों ने हिस्सा लिया और सामूहिक योगाभ्यास किया.
मुख्यमंत्री ने कहा कि योग को केवल शारीरिक व्यायाम के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए. यह एक ऐसी जीवनशैली है, जो शरीर, मन और आत्मा के बीच संतुलन स्थापित करती है. उन्होंने कहा कि आज की भागदौड़ भरी जिंदगी, बढ़ते तनाव और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के दौर में योग पहले से कहीं ज्यादा जरूरी हो गया है.
उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि योग को सिर्फ एक दिन के कार्यक्रम तक सीमित न रखें, बल्कि इसे अपनी रोजमर्रा की आदत बनाएं। नियमित योग करने से व्यक्ति न सिर्फ शारीरिक रूप से फिट रहता है, बल्कि मानसिक रूप से भी मजबूत बनता है.
इस दौरान मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार के उस फैसले का भी जिक्र किया, जिसके तहत योग से जुड़े विषयों को समाज कल्याण विभाग से चिकित्सा शिक्षा विभाग के अधीन लाने की मंजूरी दी गई है. उनका कहना है कि इससे योग शिक्षा, प्रशिक्षण, शोध और जनजागरूकता कार्यक्रमों को और मजबूती मिलेगी.
विष्णु देव साय ने योग को भारत की प्राचीन संस्कृति और ऋषि परंपरा की अमूल्य धरोहर बताया है. उन्होंने कहा कि योग ने पूरी दुनिया को स्वस्थ और संतुलित जीवन जीने का रास्ता दिखाया है. इसके साथ ही उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में योग को वैश्विक पहचान मिली है और आज दुनिया के कई देश इसे अपना रहे हैं.
मुख्यमंत्री ने खास तौर पर युवाओं और छात्रों से योग को अपनी दिनचर्या में शामिल करने की अपील की. उन्होंने कहा कि योग से एकाग्रता, आत्मविश्वास, अनुशासन और सकारात्मक सोच विकसित होती है, जो जीवन में सफलता हासिल करने के लिए बेहद जरूरी है. कार्यक्रम में बड़ी संख्या में छात्र, महिलाएं, जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे. First Updated : Sunday, 21 June 2026