इबोला को लेकर बढ़ी सतर्कता, अफ्रीकी देशों से लौटे 3 लोगों को दुर्ग में किया गया क्वारंटाइन
अफ्रीका के कुछ देशों में इबोला वायरस के मामलों में बढ़ोतरी की खबरों के बीच भारत में भी स्वास्थ्य एजेंसियां सतर्क हो गई हैं. छत्तीसगढ़ सरकार ने दावा किया है कि राज्य किसी भी संभावित संक्रमण से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है.

रायपुर: अफ्रीका के कुछ देशों में इबोला वायरस के मामलों में बढ़ोतरी की खबरों के बीच भारत में भी स्वास्थ्य एजेंसियां सतर्क हो गई हैं. छत्तीसगढ़ सरकार ने दावा किया है कि राज्य किसी भी संभावित संक्रमण से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है और सभी जरूरी एहतियाती कदम पहले से ही लागू किए जा चुके हैं.
स्वास्थ्य मंत्री ने क्या कहा
बका दें, राज्य के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने बताया कि पिछले एक महीने से स्वास्थ्य विभाग लगातार निगरानी कर रहा है. उन्होंने कहा कि अस्पतालों, आइसोलेशन वार्डों और क्वारंटाइन सेंटरों को आवश्यक संसाधनों से लैस किया गया है ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके.
स्वास्थ्य मंत्री के अनुसार दुर्ग जिले में तीन विदेशी नागरिकों को एहतियात के तौर पर क्वारंटाइन में रखा गया है. ये सभी अफ्रीकी देशों से आए हैं लेकिन फिलहाल इनमें इबोला संक्रमण की पुष्टि नहीं हुई है और न ही किसी तरह के लक्षण पाए गए हैं. इसके बावजूद स्वास्थ्य विभाग लगातार उनकी निगरानी कर रहा है.
जयपुर में मिले लक्षण
हालांकि राजस्थान में भी इबोला जैसे लक्षणों वाला एक संदिग्ध मामला सामने आने के बाद सतर्कता और बढ़ गई है. युगांडा से जयपुर पहुंची एक महिला को जांच के दौरान संदिग्ध लक्षण मिलने पर अस्पताल में भर्ती कर आइसोलेशन में रखा गया है. उसके नमूनों को विस्तृत जांच के लिए विशेष प्रयोगशाला भेजा गया है और रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है.
क्या है इबोला वायरल के लक्षण
केंद्र सरकार ने भी नागरिकों को कांगो, युगांडा और दक्षिण सूडान जैसे देशों की गैर-जरूरी यात्रा से बचने की सलाह दी है. वहीं विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने अफ्रीकी देशों में फैल रहे इबोला संक्रमण को गंभीरता से लेते हुए इसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता का विषय बताया है. विशेषज्ञों के मुताबिक इबोला एक गंभीर वायरल बीमारी है, जो संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आने से फैल सकती है. इस बीमारी में तेज बुखार, कमजोरी और रक्तस्राव जैसे लक्षण दिखाई दे सकते हैं. हालांकि भारत में अब तक इस वायरस के वर्तमान स्ट्रेन का कोई पुष्ट मामला दर्ज नहीं हुआ है.


