लेबनान के पूर्वी बेका घाटी इलाके में मंगलवार को हिजबुल्लाह के टॉप नेता शेख मोहम्मद अली हमादी की हत्या कर दी गई. पश्चिमी बेका जिले के मचघरा में अज्ञात बंदूकधारियों ने हमादी पर हमला किया. उन्हें छह गोलियां मारी गई. हमले के तुरंत बाद हमादी को नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई.
टाइम्स ऑफ इजरायल की रिपोर्ट के अनुसार, लेबनानी अधिकारियों को शक है कि हमादी की हत्या के पीछे सालों पुराना पारिवारिक विवाद हो सकता है. हमलावर हमले के बाद तुरंत मौके से फरार हो गए.
हमादी अमेरिका की सुरक्षा एजेंसी एफबीआई की मोस्ट वांटेड आतंकवादियों की सूची में शामिल था. उसने 1985 में एथेंस से रोम जा रहे एक विमान को हाईजैक किया था. इस विमान में 153 यात्री और चालक दल के सदस्य सवार थे.
हमादी की हत्या उस समय हुई है जब इजरायल और हिजबुल्लाह के बीच 60 दिनों के प्रारंभिक युद्धविराम समझौते का समय खत्म होने वाला है. इस समझौते के तहत इजरायल को 26 जनवरी तक दक्षिणी लेबनान से अपनी सेना हटानी है, जबकि हिजबुल्लाह को लिटानी नदी के उत्तर की ओर पीछे हटना होगा.
इस संघर्ष के दौरान 1.2 मिलियन से अधिक लेबनानी और 50,000 इजरायली नागरिक विस्थापित हुए हैं. लेबनानी अधिकारियों के अनुसार, इजरायल की बमबारी में 3,700 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है, जिनमें अधिकांश नागरिक हैं. वहीं, इजरायल में 130 से अधिक लोग मारे गए हैं.
शेख मोहम्मद अली हमादी की हत्या के बाद क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है. लेबनानी अधिकारियों ने मामले की जांच शुरू कर दी है और हत्या के पीछे की असली वजह का पता लगाने की कोशिश की जा रही है.
First Updated : Wednesday, 22 January 2025