सुप्रीम कोर्ट में कल होगी सीईसी ज्ञानेश कुमार की नियुक्ति के खिलाफ याचिकाओं पर सुनवाई
1989 बैच के हरियाणा कैडर के आईएएस अधिकारी विवेक जोशी को चुनाव आयुक्त नियुक्त किया गया। 21 मई 1966 को जन्मे जोशी (58) 2031 तक चुनाव आयोग में काम करेंगे। कानून के अनुसार, मुख्य चुनाव आयुक्त या चुनाव आयुक्त 65 वर्ष की आयु में सेवानिवृत्त होते हैं, अथवा चुनाव आयोग में उनका कार्यकाल छह वर्षों तक होता है।

सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को कहा कि वह 2023 के कानून के तहत मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) और चुनाव आयुक्तों (ईसी) की नियुक्तियों के खिलाफ याचिकाओं पर 19 फरवरी को "प्राथमिकता के आधार" पर विचार करेगा। न्यायमूर्ति सूर्यकांत और न्यायमूर्ति एन कोटिश्वर सिंह की पीठ को एक गैर सरकारी संगठन की ओर से पेश अधिवक्ता प्रशांत भूषण ने सूचित किया कि संविधान पीठ के 2023 के फैसले में भारत के मुख्य न्यायाधीश सहित एक पैनल के माध्यम से सीईसी और ईसी के चयन और नियुक्ति का निर्देश देने के बावजूद, सरकार ने सीजेआई को बाहर रखा और "लोकतंत्र का मजाक" उड़ाया।
सरकार ने नए कानून के तहत तीन नियुक्तियां की
उन्होंने कहा, "यह मामला 19 फरवरी को सूचीबद्ध है, लेकिन इसे आइटम नंबर 41 के रूप में सूचीबद्ध किया गया है। सरकार ने संविधान पीठ द्वारा लिए गए दृष्टिकोण की अनदेखी करते हुए 2023 के कानून के अनुसार सीईसी और ईसी की नियुक्ति की है। कृपया बोर्ड के शीर्ष पर इसे उठाएं क्योंकि मामले पर तत्काल विचार की आवश्यकता है।" याचिकाकर्ता जया ठाकुर की ओर से पेश हुए वकील वरुण ठाकुर ने कहा कि सरकार ने नए कानून के तहत तीन नियुक्तियां की हैं, जिसे चुनौती दी गई है।
चुनाव आयोग अगले लोकसभा चुनाव की तिथि घोषित करेगा
पीठ ने भूषण और अन्य पक्षों को आश्वासन दिया कि कुछ अत्यावश्यक सूचीबद्ध मामलों के बाद, वह 19 फरवरी को सुनवाई के लिए याचिकाएं लेगी। 17 फरवरी को सरकार ने चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को अगला मुख्य चुनाव आयुक्त नियुक्त किया। कुमार नए कानून के तहत नियुक्त होने वाले पहले मुख्य चुनाव आयुक्त हैं और उनका कार्यकाल 26 जनवरी, 2029 तक रहेगा, जिसके कुछ दिन बाद चुनाव आयोग अगले लोकसभा चुनाव की तिथि घोषित करेगा।


