ISIS का नंबर 2 नेता अबू बिलाल अल-मिनुकी अफ्रीका में ढेर, अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने दी जानकारी
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने घोषणा की कि आईएसआईएस के वैश्विक स्तर पर दूसरे नंबर के नेता अबू-बिलाल अल-मिनुकी को अमेरिकी और नाइजीरियाई सेनाओं के संयुक्त अभियान में मार गिराया गया है.

नई दिल्ली: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को एक बड़ी सफलता की घोषणा की है. उन्होंने कहा कि आईएसआईएस आतंकवादी संगठन के वैश्विक स्तर पर दूसरे सबसे महत्वपूर्ण नेता अबू-बिलाल अल-मिनुकी को मार गिराया गया है. यह कार्रवाई अमेरिकी और नाइजीरियाई सेनाओं के संयुक्त अभियान में हुई.
ट्रंप का ऐलान
ट्रंप ने ट्रुथ सोशल प्लेटफॉर्म पर पोस्ट करते हुए लिखा, “आज रात मेरे निर्देश पर बहादुर अमेरिकी सेना और नाइजीरियाई सशस्त्र बलों ने एक सुनियोजित और बेहद जटिल मिशन को पूरी तरह सफलतापूर्वक पूरा किया.” उन्होंने अबू-बिलाल अल-मिनुकी को दुनिया के सबसे सक्रिय आतंकवादियों में से एक बताया. ट्रंप ने आगे कहा कि अल-मिनुकी सोचता था कि अफ्रीका में छिपकर सुरक्षित रह सकता है, लेकिन अमेरिकी खुफिया सूत्रों ने उसे लगातार नजर रखा हुआ था.
US President Donald Trump posts, "Tonight, at my direction, brave American forces and the Armed Forces of Nigeria flawlessly executed a meticulously planned and very complex mission to eliminate the most active terrorist in the world from the battlefield. Abu-Bilal al-Minuki,… pic.twitter.com/DKs2UqnI00
— ANI (@ANI) May 16, 2026
संयुक्त अभियान की सफलता
यह अभियान अमेरिकी और नाइजीरियाई सैनिकों के बीच बेहतरीन तालमेल से अंजाम दिया गया. राष्ट्रपति ट्रंप ने इसे “त्रुटिहीन” बताया. उन्होंने कहा कि अल-मिनुकी को युद्ध के मैदान से हमेशा के लिए हटा दिया गया है. इस सफलता को आईएसआईएस के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है क्योंकि अल-मिनुकी संगठन का वैश्विक स्तर पर नंबर दो नेता था.
ट्रंप ने नाइजीरिया को किया धन्यवाद
ट्रंप ने इस अभियान में नाइजीरिया सरकार और उसके सशस्त्र बलों का विशेष रूप से शुक्रिया अदा किया. उन्होंने दोनों देशों के बीच सुरक्षा सहयोग की सराहना की. हालांकि, इससे पहले ट्रंप नाइजीरिया की काफी आलोचना कर चुके थे.
उन्होंने वहां ईसाई समुदाय पर अत्याचार के आरोप लगाए थे, जिन्हें नाइजीरियाई सरकार ने सिरे से खारिज किया था. इसके बावजूद आतंकवाद के खिलाफ इस महत्वपूर्ण अभियान में दोनों देशों ने साथ मिलकर काम किया.
गौरतलब हो, पिछले साल क्रिसमस के दिन भी अमेरिका ने नाइजीरिया के उत्तर-पश्चिमी इलाके में इस्लामी ठिकानों पर हमला किया था. ट्रंप के आरोपों के बाद सुरक्षा संबंधी सहयोग में बदलाव देखा गया. अफ्रीका में आईएसआईएस की शाखाएं सक्रिय हैं और अल-मिनुकी इन्हीं गतिविधियों से जुड़ा हुआ था.
आतंकवाद के खिलाफ मजबूत संदेश
राष्ट्रपति ट्रंप ने स्पष्ट संदेश दिया है कि आतंकवादी कहीं भी छिपें, अमेरिका और उसके सहयोगी देश उन्हें ढूंढ निकालेंगे. यह घटना अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आतंकवाद विरोधी अभियानों को नई दिशा दे सकती है. अमेरिका लंबे समय से आईएसआईएस जैसे संगठनों के खिलाफ अभियान चला रहा है. नाइजीरिया में भी स्थानीय आतंकवादी समूहों के खिलाफ लड़ाई जारी है.


