राष्ट्रपति ट्रंप पर तीसरा हमला? व्हाइट हाउस के बाहर भयंकर गोलीबारी, पूरा इलाका सील
शनिवार शाम को व्हाइट हाउस के बाहर धुंवाधार गोलियां चली. इस दौरान वहां राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप भी मौजूद रहे, उन्हें हमलावरों ने मारने की पूरी कोशिश की, हालांकि सफल नहीं हो पाए.

वाशिंगटन: व्हाइट हाउस के बाहर कई गोलियां चलने की घटना ने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप उस समय व्हाइट हाउस के अंदर मौजूद थे, जब गोलियों की बाढ़ आ गई थी. सुरक्षा बलों ने तुरंत कार्रवाई की और हमलावर को वहीं ढेर कर दिया.
घटना का विवरण
शनिवार शाम करीब 6 बजे व्हाइट हाउस के पास 17वीं स्ट्रीट और पेंसिल्वेनिया एवेन्यू के चौराहे पर गोलीबारी शुरू हुई. एक व्यक्ति ने सुरक्षा चेकपॉइंट पर पहुंचकर अपने बैग से हथियार निकाला और सीक्रेट सर्विस के अधिकारियों पर फायरिंग कर दी.
रिपोर्ट्स के मुताबिक, आसपास करीब 30 गोलियां चली. इलाके में भारी सुरक्षा बल तैनात कर दिए गए. सीक्रेट सर्विस ने तुरंत जवाबी कार्रवाई की. हमलावर को गोली लगी और उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया.
हमलावर की पहचान
पुलिस सूत्रों के अनुसार, हमलावर की उम्र 21 साल थी और उसका नाम नासिर बेस्ट बताया जा रहा है. जांच अभी जारी है. गोलीबारी के दौरान एक आम नागरिक भी घायल हो गया, हालांकि उसकी स्थिति के बारे में विस्तृत जानकारी नहीं दी गई है.
पत्रकार का डरावना अनुभव
एबीसी न्यूज की सीनियर व्हाइट हाउस संवाददाता सेलिना वांग उस समय मीडिया टेंट में खड़ी थी और मोबाइल पर वीडियो बना रही थी. अचानक गोलियों की आवाज सुनकर उन्होंने तुरंत खुद को बचाने के लिए झुक गए. उन्होंने एक्स पर यह वीडियो शेयर किया, जिसमें गोलियों की आवाज साफ सुनाई दे रही है. यह वीडियो लाखों बार देखा गया.
सीक्रेट सर्विस का बयान
सीक्रेट सर्विस ने कहा, “एक व्यक्ति ने चेकपॉइंट पर पहुंचकर बैग से हथियार निकाला और फायरिंग शुरू कर दी. हमारे अधिकारी ने जवाबी गोलीबारी की, जिसमें हमलावर घायल हुआ. उसे अस्पताल में मृत घोषित किया गया. राष्ट्रपति उस समय व्हाइट हाउस के अंदर थे.”
ट्रंप पर पहले के हमले
यह घटना ट्रंप पर हाल के वर्षों में हुए कई सुरक्षा खतरे की कड़ी है. अप्रैल में व्हाइट हाउस संवाददाता डिनर के दौरान भी ट्रंप पर हमले की कोशिश की गई थी, जिसमें एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया. इसके अलावा 2024 के चुनाव प्रचार के दौरान पेंसिल्वेनिया में एक रैली में गोलीबारी हुई थी, जिसमें ट्रंप का कान घायल हो गया था.
गोल्फ कोर्स पर भी एक बार उनकी सुरक्षा पर खतरा मंडराया था. यह घटना व्हाइट हाउस की सुरक्षा व्यवस्था पर फिर से सवाल खड़े करती है। जांच एजेंसियां पूरे मामले की गहराई से तहकीकात कर रही हैं.


