आज है वैशाख विनायक चतुर्थी, ऐसे करें बप्पा की पूजा, मिलेगा सौभाग्य और समृद्धि का वरदान

विनायक चतुर्थी भगवान गणेश की कृपा पाने का खास मौका है. वैशाख शुक्ल चतुर्थी को मनाई जाने वाली इस पावन तिथि पर इस बार कई शुभ योग बन रहे हैं, जो इसे अत्यंत फलदायी बना रहे हैं. तो आइए जानें इन शुभ संयोगों के बारे में और घर पर सरल विधि से पूजा कैसे करें.

Goldi Rai
Edited By: Goldi Rai

हिंदू धर्म में भगवान गणेश को प्रथम पूज्य और विघ्नहर्ता के रूप में पूजा जाता है. हर महीने आने वाली विनायक चतुर्थी का अपना विशेष महत्व है, लेकिन वैशाख मास की यह तिथि और भी अधिक फलदायी मानी जाती है. इस साल 2026 में वैशाख विनायक चतुर्थी 20 अप्रैल सोमवार को पड़ रही है. खास बात यह है कि इस दिन शोभन योग का अत्यंत शुभ संयोग बन रहा है, जो पूजा को कई गुना अधिक प्रभावशाली बना देगा.

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार शोभन योग में की गई पूजा-अर्चना जीवन में सुख, समृद्धि और सफलता के नए द्वार खोलती है. इस पावन अवसर पर भक्त पूरे विधि-विधान से भगवान गणेश की पूजा करते हैं और अपने जीवन के समस्त कष्टों तथा विघ्नों से मुक्ति की कामना करते हैं.

क्या है शोभन योग का महत्व?

शोभन योग को ज्योतिष में बहुत ही शुभ और सौभाग्यदायक योगों में गिना जाता है. इस योग में किए गए किसी भी धार्मिक कार्य कई गुना अधिक फल देने वाले होते हैं. मान्यता है कि शोभन योग में भगवान गणेश की पूजा करने से जीवन के सभी विघ्न दूर हो जाते हैं और घर में सुख-शांति का वास होता है.

ऐसे करें वैशाख विनायक चतुर्थी की पूजा

सबसे पहले घर के मंदिर या पूजा स्थान को अच्छी तरह साफ करके वहां भगवान गणेश की प्रतिमा या चित्र स्थापित करें. एक चौकी पर लाल कपड़ा बिछाकर गणेश जी को विराजमान करें. उन्हें गंगाजल से शुद्ध करें और दूर्वा, लाल फूल, मोदक या लड्डू अर्पित करें. इसके बाद धूप-दीप जलाकर विधिपूर्वक पूजा करें. गणेश चालीसा या गणेश मंत्र का जाप करना अत्यंत शुभ माना जाता है. दिनभर व्रत रखें और शाम को चंद्रमा को अर्घ्य देने के बाद व्रत का पारण करें. ध्यान रखें कि चतुर्थी के दिन चंद्र दर्शन के समय सावधानी बरतें.

इन बातों का रखें ध्यान

इस व्रत को करने वाले साधकों को कुछ विशेष बातों का ध्यान रखना चाहिए. व्रत के दौरान सात्विक भोजन ग्रहण करें और ब्रह्मचर्य का पालन करें. चतुर्थी के दिन किसी का अनादर न करें और मन में शुद्ध विचार रखें. यदि संभव हो तो इस दिन निर्धन व्यक्तियों को लाल फल या अनाज का दान दें.

विनायक चतुर्थी व्रत का महत्व

वैशाख विनायक चतुर्थी का व्रत करने से व्यक्ति के जीवन में आने वाली बाधाएं समाप्त होती हैं. यह व्रत विशेष रूप से उन लोगों के लिए लाभकारी माना जाता है जो अपने कार्यों में बार-बार असफलता का सामना कर रहे हों. साथ ही, इस व्रत से बुद्धि, विवेक और धन-समृद्धि में वृद्धि होती है.

Disclaimer: ये धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है, JBT इसकी पुष्टि नहीं करता.

ताजा खबरें

ट्रेंडिंग वीडियो