लॉर्ड्स में रचा इतिहास! भारतीय महिला टीम ने इंग्लैंड को धूल चटाकर जीता पहला टेस्ट
"होम ऑफ क्रिकेट" में सोमवार को एक नया इतिहास लिखा गया। हरमनप्रीत कौर की कप्तानी में भारतीय महिला टीम ने लॉर्ड्स में अपना पहला टेस्ट मैच खेला और उसे यादगार बना दिया।

नई दिल्ली: "होम ऑफ क्रिकेट" में सोमवार को एक नया इतिहास लिखा गया। हरमनप्रीत कौर की कप्तानी में भारतीय महिला टीम ने लॉर्ड्स में अपना पहला टेस्ट मैच खेला और उसे यादगार बना दिया। मेजबान इंग्लैंड को 270 रनों के बड़े अंतर से हराकर भारत लॉर्ड्स में महिला टेस्ट जीतने वाली पहली टीम बन गई। ये जीत सिर्फ एक मैच नहीं थी। दो हफ्ते पहले UK पहुंचकर तैयारी करने वाली टीम ने यहां के हालात, स्लोप और दबाव को घर जैसे आत्मविश्वास से संभाला।
मंधाना-भाटिया-गौड़ की तिकड़ी ने पलटा मैच
मैच की नींव पहले दो दिन में ही रख दी गई थी। इंग्लैंड ने टॉस जीतकर गेंदबाजी चुनी, लेकिन भारतीय बल्लेबाजों ने 285 रन बना डाले। उप-कप्तान स्मृति मंधाना ने 83 रन की क्लासिक पारी खेली। 11 चौके और 1 छक्के के साथ उन्होंने इंग्लैंड के अटैक को बैकफुट पर धकेल दिया। उनका साथ हरमनप्रीत कौर के 58 और दीप्ति शर्मा के 57 रन ने दिया।
गेंदबाजी में कमाल किया 22 साल की तेज गेंदबाज क्रांति गौड़ ने। नैसरी एंड से स्विंग कराती हुई क्रांति ने 17 ओवर में 37 रन देकर 5 विकेट झटके। 7 मेडन ओवर डालकर उन्होंने इंग्लैंड को 170 पर समेट दिया। भारत को पहली पारी में 115 रन की बढ़त मिल गई।
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— BCCI Women (@BCCIWomen) July 13, 2026
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दूसरी पारी में यास्तिका भाटिया ने शो चुरा लिया। विकेटकीपर-बल्लेबाज यास्तिका ने 158 गेंद में 113 रन बनाए। 14 चौकों की मदद से उन्होंने लॉर्ड्स ऑनर्स बोर्ड पर नाम दर्ज कराया और यहां टेस्ट शतक लगाने वाली पहली महिला बनीं। मंधाना ने फिर 70 और ऋचा घोष ने 52 गेंद में 50 रन ठोके। हरमनप्रीत ने चाय के समय 7 विकेट पर 341 पर पारी घोषित की। सोफी एक्लेस्टोन ने 118 रन देकर 5 विकेट लिए, लेकिन तब तक मैच हाथ से निकल चुका था।
स्नेह राणा ने किया काम तमाम
457 रन का टारगेट लेकर उतरी इंग्लैंड दूसरी पारी में दबाव झेल नहीं पाई। स्नेह राणा की ऑफ स्पिन ने 42 रन देकर 3 विकेट लिए। क्रांति गौड़ और दीप्ति शर्मा को 2-2 विकेट मिले। रविवार को एमी जोन्स ने नाबाद 54 रन की जुझारू पारी खेली थी, लेकिन सोमवार सुबह आखिरी विकेट लेने में भारत को 15 मिनट लगे। स्नेह की गेंद पर लॉरेन फीलर का कैच हुआ और भारत ने ऐतिहासिक जीत पक्की कर ली।
इंग्लैंड में अजेय भारत
इस जीत के साथ भारत का इंग्लैंड में बिना हार का रिकॉर्ड भी बरकरार रहा। 10 टेस्ट में 3 जीत और 7 ड्रॉ। पिछले 5 टेस्ट में ये चौथी जीत है। जीत के बाद ICC चेयरमैन जय शाह और सचिन तेंदुलकर स्टैंड्स में मौजूद थे। मैच खत्म होते ही सचिन मैदान पर आए और टीम को बधाई दी। लॉर्ड्स की बालकनी में तिरंगे के साथ जश्न ने इस जीत को और खास बना दिया।


