लुधियाना में हरजोत सिंह बैंस और मनीष सिसोदिया ने वैदिक शिक्षा से बच्चों का भविष्य संवारने का दिया संदेश
लुधियाना के बीसीएम स्कूल में सनातन सेवा समिति और वेद प्रचार मंडल द्वारा आयोजित एक पुरस्कार समारोह में पंजाब के शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस और आप नेता मनीष सिसोदिया ने भाग लिया. समारोह में प्राचीन भारतीय ग्रंथों के ज्ञान को शिक्षा में शामिल करने पर जोर दिया गया. एक वर्ष से चल रही भाषण प्रतियोगिता के विजेताओं को सम्मानित किया गया. शिक्षा

पंजाब : सनातन सेवा समिति पंजाब और वेद प्रचार मंडल पंजाब ने संयुक्त रूप से लुधियाना के बीसीएम स्कूल में एक विशेष पुरस्कार समारोह का आयोजन किया. इस कार्यक्रम में पंजाब के शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस और आम आदमी पार्टी के पंजाब प्रभारी तथा दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए. दोनों संगठनों के अध्यक्ष विजय शर्मा और रोशन लाल आर्य भी इस अवसर पर उपस्थित थे.
शिक्षा मंत्री ने बताई शिक्षा की अहमियत
मनीष सिसोदिया ने दिया प्राचीन ज्ञान पर जोर
मनीष सिसोदिया ने अपने भाषण में कहा कि वेद, उपनिषद, रामायण और गीता जैसे प्राचीन ग्रंथों का ज्ञान विद्यार्थियों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है. उन्होंने कहा कि आज का विज्ञान जिन रहस्यों को खोजने में लगा है, वे सभी बातें हमारे ऋषियों-मुनियों ने हजारों वर्ष पहले ही समझ ली थीं. उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे इस ज्ञान को अपने जीवन में उतारें और इस शिक्षा को पूरे पंजाब के स्कूलों में फैलाने का प्रयास करें.
भाषण प्रतियोगिता के विजेताओं को मिला सम्मान
इस समारोह में एक वर्ष से चल रही भाषण प्रतियोगिता के विजेताओं को पुरस्कृत किया गया. इस प्रतियोगिता में 25 विभिन्न स्कूलों के 296 विद्यार्थियों ने भाग लिया था. शिक्षा मंत्री और मनीष सिसोदिया ने विजयी विद्यार्थियों और भाग लेने वाले स्कूलों के प्रधानाचार्यों को सम्मानित किया. संगठनों के अध्यक्षों ने मुख्य अतिथियों को स्मृति चिह्न भेंट करके उनका आभार व्यक्त किया.
केंद्र सरकार से पंजाब के लिए विशेष सहायता की मांग
कार्यक्रम के बाद शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने पत्रकारों से बातचीत में केंद्र सरकार से पंजाब के लिए विशेष आर्थिक सहायता की मांग की. उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष ऑपरेशन संदूर और बाढ़ से राज्य को भारी नुकसान हुआ था, इसलिए केंद्र सरकार को पंजाब को विशेष राहत पैकेज देना चाहिए. उन्होंने शिक्षा के लिए बजट बढ़ाने पर भी जोर दिया और कहा कि देश को विकसित बनाने के लिए शिक्षा पर कम से कम 10 प्रतिशत बजट खर्च किया जाना चाहिए.


