Gen Z का नया ऑफिस कल्चर, AC खराब होने पर पहुंचे कैफे, सोशल मीडिया पोस्ट वायरल
Gen Z जनरेशन काम और अपनी पर्सनल लाइफ के बीच बैलेंस बनाकर चलना पसंद करती है और इसके लिए खुलकर अपनी बात भी रखती है. यह पोस्ट सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर शीतल रिजवानी ने नाम से शेयर किया गया है.

नई दिल्ली: क्या ऑफिस का काम सिर्फ ऑफिस तक ही सीमित होना चाहिए? सोशल मीडिया पर वायरल हो रही एक पोस्ट ने इसी सवाल को लेकर नई बहस छेड़ दी है. पोस्ट में दावा किया गया है कि आज की Gen Z जनरेशन काम और अपनी पर्सनल लाइफ के बीच बैलेंस बनाकर चलना पसंद करती है और इसके लिए खुलकर अपनी बात भी रखती है.
सोशल मीडिया पर शेयर किया पोस्ट
बता दें, यह पोस्ट सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर शीतल रिजवानी ने नाम से शेयर किया गया है. उन्होंने अपनी Gen Z चचेरी बहन के साथ हुई बातचीत का जिक्र करते हुए बताया कि उसके ऑफिस में यंग एम्प्लॉईस का एक अलग ग्रुप है, जहां सभी एक-दूसरे का साथ देते हैं और इस बात का ध्यान रखते है कि किसी पर बेवजह काम का दबाव न पड़े.
बॉस को खुश नहीं रुकते देर तक
पोस्ट के मुताबिक, इस ग्रुप का एक नियम है कि ऑफिस का समय खत्म होते ही सभी लोग साथ में निकल जाते हैं. आगे उन्होंने ने कहा कि सिर्फ बॉस को खुश करने के लिए देर रात तक रुकना उन्हें मंजूर नहीं है. इतना ही नहीं, एम्प्लॉईस वीकेंड या ऑफिस टाइम के बाद आने वाले कॉल और मैसेज का जवाब भी वे नहीं देते. उनका मानना है कि छुट्टी का समय पूरी तरह पर्सनल होना चाहिए.
Gen Z might actually be the generation that changes toxic work culture.
— Sheetal Rijhwani (@RijhwaniSheetal) June 26, 2026
My Gen Z cousin told me they have a group at work with only Gen Z employees.
They all leave the office together, on time. Nobody stays late just to impress the manager. Nobody answers work calls on…
पोस्ट में यह भी बताया गया कि अगर कोई मैनेजर एम्प्लॉई के साथ गलत व्यवहार करता है, तो वे चुप रहने के बजाय सीधे एचआर से शिकायत करते हैं. दावा किया गया है कि ऐसे मामलों में एचआर भी एम्प्लॉईस की बात सुनता है और जरूरत पड़ने पर मैनेजर को भी फटकार लगाई जाती है.
मजेदार किस्सा किया गया शेयर
बता दें, इस मजेदार पोस्ट के साथ एक किस्सा भी पोस्ट में शेयर किया गया है. बताया गया कि एक दिन ऑफिस का एयर कंडीशनर खराब हो गया था. इस दौरान गर्मी में बैठकर काम करने के बजाय पूरी Gen Z टीम पास के एक कैफे में चली गई और एचआर को बता दिया कि एसी ठीक होने के बाद ही वे वापस आ जाएंगे. जब शीतल ने अपनी बहन से पूछा कि क्या इस ग्रुप में सभी Gen Z ही हैं, तो जवाब मिला, "हां, क्योंकि मिलेनियल्स में ऐसा करने की हिम्मत कम होती है. उन्हें हर बात चुपचाप सहने की आदत पड़ गई है."
सोशल मीडिया यूजर्स ने किया रियेक्ट
पोस्ट वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों की मिली-जुली प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही है. कई लोगों ने इसे बेहतर वर्क-लाइफ बैलेंस कि ओर एक इंपॉर्टेंट स्टेप बताया. वहीं कुछ लोगों ने कहा कि बदलते समय के साथ कंपनियों को भी एम्प्लॉईस की पर्सनल लाइफ और मेंटल हेल्थ को भी ध्यान रखना होगा.


