क्या आप जानते हैं दुनिया में सबसे ज्यादा जुड़वा बच्चे कहां जन्म लेते हैं? जानिए उस शहर का नाम
नाइजीरिया का इग्बो-ओरा शहर दुनिया में सबसे ज्यादा जुड़वां बच्चों के जन्म के लिए मशहूर है, जहां यह एक आम घटना मानी जाती है.

दुनिया में कई ऐसे स्थान हैं जो अपनी अनोखी विशेषताओं के लिए प्रसिद्ध हैं, लेकिन नाइजीरिया का इग्बो-ओरा शहर एक अलग ही वजह से वैश्विक पहचान बना चुका है। इसे ‘ट्विन कैपिटल ऑफ द वर्ल्ड’ यानी जुड़वां बच्चों की राजधानी कहा जाता है. ओयो राज्य में स्थित इस शहर में जुड़वां बच्चों का जन्म इतना आम है कि यहां यह कोई आश्चर्य की बात नहीं मानी जाती.
वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं के लिए रुचि का केंद्र
आंकड़ों के मुताबिक, इग्बो-ओरा में हर 1000 जन्मों में करीब 158 जुड़वां बच्चे पैदा होते हैं, जो दुनिया के औसत से कई गुना ज्यादा है. आमतौर पर जुड़वां बच्चों का जन्म एक दुर्लभ घटना माना जाता है, लेकिन इस शहर में यह एक सामान्य पारिवारिक अनुभव बन चुका है. यही वजह है कि यह जगह वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं के लिए भी खास रुचि का केंद्र बनी हुई है.
स्थानीय लोगों के बीच क्या है मान्यता?
स्थानीय लोगों के बीच यह मान्यता है कि यहां की खानपान की आदतें, खासकर याम (एक प्रकार की जड़ वाली सब्जी) का अधिक सेवन, जुड़वां बच्चों के जन्म की संभावना को बढ़ाता है. हालांकि इस दावे की पूरी तरह वैज्ञानिक पुष्टि नहीं हो पाई है, लेकिन कई विशेषज्ञ मानते हैं कि इसके पीछे आनुवंशिक कारण और पर्यावरणीय प्रभाव भी अहम भूमिका निभा सकते हैं.
इग्बो-ओरा में जुड़वां बच्चों के जन्म को सिर्फ सामान्य घटना ही नहीं माना जाता, बल्कि इसे उत्सव के रूप में भी मनाया जाता है. यहां हर साल एक विशेष फेस्टिवल आयोजित किया जाता है, जिसमें बड़ी संख्या में जुड़वां बच्चे पारंपरिक वेशभूषा में शामिल होते हैं. इस आयोजन में देश-विदेश से लोग पहुंचते हैं और स्थानीय संस्कृति की झलक देखने को मिलती है.
दुनिया के अन्य हिस्सों में भी जुड़वां बच्चों के जन्म के मामले सामने आते हैं, लेकिन उनकी संख्या इग्बो-ओरा जितनी अधिक नहीं है. उदाहरण के तौर पर, अमेरिका में हर 1000 जन्मों में करीब 33 जुड़वां बच्चे होते हैं, जबकि यूरोप में यह आंकड़ा लगभग 16 प्रति 1000 है.
केरल का मलप्पुरम जिला भी चर्चा में
भारत में भी इस तरह का एक चर्चित स्थान है. केरल के मलप्पुरम जिले का कोडिन्ही गांव. यहां भी जुड़वां बच्चों के जन्म का अनुपात देश के औसत से कहीं अधिक है. जहां भारत में औसतन प्रति 1000 जन्मों पर करीब 9 जुड़वां बच्चे होते हैं, वहीं कोडिन्ही में यह संख्या लगभग 45 तक पहुंच जाती है.
इग्बो-ओरा की यह अनोखी पहचान इसे दुनिया के सबसे दिलचस्प स्थानों में शामिल करती है. जुड़वां बच्चों की अधिकता का रहस्य आज भी पूरी तरह सुलझा नहीं है, लेकिन यह शहर आज भी वैज्ञानिकों, पर्यटकों और जिज्ञासुओं के लिए आकर्षण का केंद्र बना हुआ है.


