फरीदाबाद टेरर मॉड्यूल से जुड़े i20 कार के तार, फियादीन हमला हो सकता है लालकिला ब्लास्ट
लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास धमाके में 9 मौतें हुईं. Hyundai i20 में विस्फोटक भरे होने की पुष्टि हुई. तारिक और फरीदाबाद मॉड्यूल पर जांच जारी है, एनआईए उच्च स्तरीय जांच कर रही है.

नई दिल्लीः दिल्ली के लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास हुए भीषण धमाके ने सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट कर दिया है. घटना में अब तक 9 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है और कई घायलों का इलाज LNJP अस्पताल में जारी है. शुरुआती जांच यह संकेत दे रही है कि यह कोई सामान्य विस्फोट नहीं था, बल्कि इसे संभावित आतंकवादी हमला मानकर जांच आगे बढ़ाई जा रही है. पुलिस और जांच एजेंसियों ने अभी तक आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है, फिर भी प्रारंभिक सुरागों ने खतरे की गंभीरता बढ़ा दी है.
कार में विस्फोटक भरे होने की पुष्टि
सूत्रों के अनुसार, जांच अधिकारियों ने यह साफ किया है कि घटना में शामिल Hyundai i20 कार विस्फोटकों से भरी हुई थी. यह कार जानबूझकर लाल किला मेट्रो स्टेशन के पास लाई गई और वहीं पर विस्फोट किया गया. जांच में सामने आया है कि यह वाहन जम्मू-कश्मीर के पुलवामा निवासी तारिक से जुड़ा है, जिसे गिरफ्तार कर लिया गया है.
तारिक के संबंध अब फरीदाबाद टेरर मॉड्यूल से जुड़े होने की दिशा में जांचे जा रहे हैं. यह जांच इस एंगल को और मजबूत बनाती है कि यह हमला किसी संगठित नेटवर्क का हिस्सा हो सकता है.
डॉक्टर उमर मोहम्मद की संभावित भूमिका
रिपोर्टों में दावा किया गया है कि फरीदाबाद मॉड्यूल से जुड़े डॉक्टर उमर मोहम्मद धमाके के समय कार में मौजूद था. हालांकि इस जानकारी की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है. दिल्ली पुलिस का कहना है कि कार में मिला शव खराब हालत में मिला है और DNA जांच के बाद ही यह साफ हो पाएगा कि वह किसका शव है.
विस्फोट की तीव्रता
जांच में यह भी पाया गया कि कार में विस्फोटक पहले से लादे गए थे और वाहन को भीड़भाड़ वाले इलाके में लाया गया था. चश्मदीदों ने बताया कि विस्फोट इतना जोरदार था कि आसपास की स्ट्रीट लाइटें टूट गईं, वाहन क्षतिग्रस्त हो गए और आग की लपटें कई फीट ऊंचाई तक उठीं.
एनएसजी और एनआईए के फॉरेंसिक विशेषज्ञों ने जांच के बाद पुष्टि की है कि कार में कोई यांत्रिक खराबी नहीं थी. यह साफ है कि धमाका उच्च श्रेणी के विस्फोटक पदार्थ के कारण हुआ था.
घटना की शुरुआत कैसे हुई?
दिल्ली पुलिस आयुक्त सतीश गोलचा ने बताया कि अधिकारियों की टीम घायलों और चश्मदीदों से लगातार बात कर रही है ताकि घटना के बारे में अधिक स्पष्टता मिल सके. स्थल पर एनआईए, विशेष प्रकोष्ठ और FSL की टीमों ने उच्च स्तरीय जांच शुरू कर दी है.
गोलचा ने विवरण साझा करते हुए कहा कि सोमवार शाम लगभग 6:52 बजे एक धीमी गति से चल रहे वाहन ने लाल बत्ती पर रुककर विस्फोट किया. धमाके से आसपास के कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए. उन्होंने कहा कि सभी एजेंसियां मौके पर मौजूद हैं और जांच में कोई कमी नहीं छोड़ी जाएगी. पुलिस आयुक्त के अनुसार, घटना की जानकारी लगातार गृह मंत्री तक पहुंचाई जा रही है और मंत्रालय भी हालात पर नजर रखे हुए है.


