NEET UG 2026 पेपर लीक मामले में बड़ा खुलासा, फिजिक्स टीचर गिरफ्तार
सीबीआई ने नीट यूजी 2026 पेपर लीक मामले में पुणे की एक भौतिकी शिक्षिका को गिरफ्तार किया है, जिस पर परीक्षा से पहले सवाल लीक करने का आरोप है.

नई दिल्ली: नीट यूजी 2026 पेपर लीक मामले में सीबीआई को एक और बड़ी सफलता मिली है. एजेंसी ने शुक्रवार को बताया कि मेडिकल प्रवेश परीक्षा के प्रश्नपत्र तैयार करने की प्रक्रिया से जुड़ी एक भौतिकी शिक्षिका को गिरफ्तार किया गया है. आरोपी शिक्षिका पर परीक्षा से पहले फिजिक्स के सवाल लीक करने का आरोप है. इस गिरफ्तारी के बाद मामले में पकड़े गए आरोपियों की संख्या बढ़कर 11 हो गई है.
गिरफ्तार आरोपी की पहचान
सीबीआई के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी की पहचान मनीषा संजय हवलदार के रूप में हुई है, जो महाराष्ट्र के पुणे स्थित सेठ हीरालाल सर्राफ प्रशाला में कार्यरत हैं. जांच में सामने आया है कि राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) ने उन्हें परीक्षा प्रक्रिया में विशेषज्ञ के तौर पर शामिल किया था. इसी वजह से उन्हें भौतिकी के प्रश्नपत्रों तक सीधी पहुंच मिली हुई थी.
जांच एजेंसी का दावा है कि मनीषा हवलदार ने अप्रैल 2026 में परीक्षा से जुड़े कई गोपनीय प्रश्न अपनी सहयोगी और सह-आरोपी मनीषा मंधारे के साथ साझा किए थे. मंधारे को सीबीआई पहले ही 16 मई को गिरफ्तार कर चुकी है. पूछताछ और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर एजेंसी को दोनों के बीच सवालों के आदान-प्रदान के प्रमाण मिले हैं.
सीबीआई अधिकारियों के मुताबिक, जांच के दौरान लीक हुए प्रश्नों का मिलान नीट यूजी 2026 के वास्तविक फिजिक्स प्रश्नपत्र से किया गया. जांच में दोनों में काफी समानता पाई गई, जिसके बाद एजेंसी ने हवलदार की भूमिका को संदिग्ध मानते हुए कार्रवाई की. एजेंसी का मानना है कि वह पूरे पेपर लीक नेटवर्क की एक अहम कड़ी हो सकती हैं.
मामले की जांच के तहत सीबीआई ने देश के कई शहरों में एक साथ छापेमारी भी की है. तलाशी के दौरान कई महत्वपूर्ण दस्तावेज, लैपटॉप, मोबाइल फोन और बैंक खातों से जुड़े रिकॉर्ड बरामद किए गए हैं. जब्त किए गए इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को फोरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि पेपर लीक का नेटवर्क कितना बड़ा था और इसमें किन-किन लोगों की भूमिका थी.
सीबीआई ने क्या बताया?
सीबीआई ने बताया कि यह मामला 12 मई 2026 को शिक्षा मंत्रालय के उच्च शिक्षा विभाग की शिकायत के बाद दर्ज किया गया था. शिकायत में आरोप लगाया गया था कि NEET UG 2026 परीक्षा का प्रश्नपत्र परीक्षा से पहले ही बाहर आ गया था.
मामला दर्ज होने के बाद सीबीआई ने विशेष जांच टीमें बनाई और दिल्ली, जयपुर, गुरुग्राम, पुणे, नासिक, लातूर और अहिल्यानगर समेत कई शहरों में अभियान चलाया. फिलहाल एजेंसी पूरे नेटवर्क की तह तक पहुंचने की कोशिश कर रही है.


