केदारनाथ, मसूरी और जागेश्वर धाम में जल्द आएगा रोपवे, धामी सरकार का शानदार प्लान
केदारनाथ, जागेश्वर, मसूरी और जागेश्वर धाम में रोपवे प्रोजेक्ट पर तेजी से काम किया जा रहा है. मुख्य सचिव ने समीक्षा करने के बाद भी लंबित मुद्दों को तीन दिन के अंदर सुलझाने को कहा है.

देहरादून: उत्तराखंड सरकार पर्यटन को नई रफ्तार देने के लिए रोपवे प्रोजेक्ट पर तेजी से काम कर रही है. पुष्कर सिंह धामी सरकार इन पवित्र स्थानों को बेहतर सुविधाओं से जोड़कर श्रद्धालुओं और पर्यटकों की यात्रा को आसान और सुरक्षित बनाना चाहती है.
रोपवे प्रोजेक्ट की तेजी से समीक्षा
मंगलवार को सचिवालय में हुई बैठक में मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने केदारनाथ, हेमकुंड साहिब और मसूरी रोपवे प्रोजेक्ट की बाकी औपचारिकताएं जल्द पूरी करने के सख्त निर्देश दिए. उन्होंने कहा कि इन कामों में अब देरी नहीं होनी चाहिए.
जागेश्वर धाम को भी रोपवे नेटवर्क से जोड़ने की योजना बनाई जा रही है. इसके लिए शीघ्र विस्तृत खाका तैयार किया जाएगा. इससे इस प्राचीन धाम तक पहुंच आसान हो सकेगी और पर्यटकों की संख्या बढ़ेगी.
ब्रिडकुल की भूमिका बढ़ी
रोपवे परियोजनाओं के नियामक प्राधिकरण के रूप में ब्रिडकुल (BRIDCUL) की जिम्मेदारी अब और बढ़ा दी गई है. इससे प्रोजेक्ट की मॉनिटरिंग और क्रियान्वयन में बेहतर समन्वय बनेगा.
मसूरी रोपवे प्रोजेक्ट
मुख्य सचिव ने मसूरी रोपवे के लोअर टर्मिनल से जुड़े सड़क मार्ग के सभी लंबित मुद्दों को तीन दिन के अंदर सुलझाने को कहा. प्रोजेक्ट को तय समय में पूरा करने पर जोर दिया गया. नए पुल और बाईपास का निर्माण तेजी से चल रहा है. जरूरत पड़ने पर नए पुलों के लिए तुरंत सर्वे कराने के निर्देश दिए गए.
सुरक्षा और सुविधा पर फोकस
केदारनाथ और हेमकुंड साहिब रोपवे मार्ग पर असुरक्षित जगहों की पहचान कर तुरंत सुधार कार्य शुरू करने के निर्देश दिए गए. केदारनाथ रोपवे के लोअर टर्मिनल पर अच्छी पार्किंग व्यवस्था विकसित करने के लिए भूमि चिन्हांकन और हस्तांतरण की प्रक्रिया साथ-साथ चलाई जाएगी.
हाई-टेक पैक हाउस से किसानों को लाभ
सरकार की योजना में हाई-टेक पैक हाउस भी शामिल है. यहां फलों की ग्रेडिंग, सॉर्टिंग और पैकेजिंग अंतरराष्ट्रीय स्तर पर होगी. इससे उत्तराखंड के उत्पादों की ब्रांडिंग मजबूत होगी और किसान बिचौलियों के बिना सीधे बड़े बाजारों तक अपनी उपज पहुंचा सकेंगे.
पूरे राज्य में रोपवे नेटवर्क का खाका
मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने पूरे उत्तराखंड में रोपवे प्रोजेक्ट की प्राथमिकता तय करने के लिए एक उप-समिति बनाई है. प्रमुख सचिव आर. मीनाक्षी सुंदरम की अध्यक्षता वाली इस समिति में पर्यटन, आवास, लोक निर्माण और नागरिक उड्डयन विभाग के अधिकारी शामिल होंगे.
यह समिति शहरों में रोपवे नेटवर्क का विस्तृत प्लान तैयार करेगी और विभिन्न स्थानों को प्राथमिकता देगी. पर्यटन विभाग और जिला प्रशासन इस काम में अहम भूमिका निभाएंगे.


