ईरान ने हार्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले टैंकरों पर लगाया $1 प्रति बैरल क्रिप्टो टोल- FT रिपोर्ट

प्रस्तावित व्यवस्था में टैंकरों को ईमेल से अपना कार्गो विवरण शेयर करना होगा. इसके बाद अधिकारी $1 प्रति बैरल की दर से टोल तय करेंगे, जिसे बिटकॉइन जैसी डिजिटल मुद्राओं में चुकाना पड़ेगा. हुसैनी ने बताया कि जहाजों को भुगतान पूरा करने के लिए सिर्फ थोड़ा समय दिया जाएगा.

Goldi Rai
Edited By: Goldi Rai

ईरान अमेरिका के साथ चल रहे नाजुक संघर्ष विराम के बीच दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल चोकपॉइंट पर अपनी पकड़ और मजबूत करने की तैयारी में है. फाइनेंशियल टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार तेहरान स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से गुजरने वाले तेल टैंकरों पर प्रति बैरल एक डॉलर का टोल लगाने की योजना बना रहा है तथा यह भुगतान क्रिप्टोकरेंसी में ही चाहता है. यह प्रस्ताव ऐसे समय में सामने आया है जब वैश्विक बाजार पहले से ही तनावपूर्ण माहौल में हैं. संघर्ष विराम ने प्रत्यक्ष टकराव को रोक दिया है लेकिन ईरान शिपिंग रूट्स पर अपना नियंत्रण बनाए रखने के लिए पूरी तरह तैयार दिख रहा है.

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर ईरान का सख्त नियम

ईरान के ऑयल, गैस एंड पेट्रोकेमिकल प्रोडक्ट्स एक्सपोर्टर्स यूनियन के प्रवक्ता हमीद होसैनी के हवाले से फाइनेंशियल रिपोर्ट किया है कि तेहरान जलमार्ग से गुजरने वाले सभी जहाजों की निगरानी और नियमन करना चाहता है. योजना में प्रत्येक टैंकर के कार्गो का आकलन कर ही आगे बढ़ने की अनुमति देने का प्रावधान शामिल है. हुसैनी ने कहा, ईरान को जलडमरूमध्य से आने-जाने वाली गतिविधियों पर नजर रखने की जरूरत है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि इन दो हफ्तों का इस्तेमाल हथियारों के हस्तांतरण के लिए न किया जाए. उन्होंने आगे कहा कि जहाजों को आने-जाने की अनुमति तो दी जाएगी, लेकिन इस प्रक्रिया में समय लग सकता है, क्योंकि ईरान को जल्दबाजी नहीं है.

क्रिप्टोकरेंसी में टोल भुगतान की अनोखी शर्त 

प्रस्तावित व्यवस्था के तहत टैंकरों को ईमेल के माध्यम से अपने कार्गो का पूरा विवरण साझा करना होगा. इसके बाद अधिकारी प्रति बैरल एक डॉलर का टोल तय करेंगे जिसका भुगतान बिटकॉइन जैसी डिजिटल मुद्राओं में करना होगा. होसैनी ने बताया कि जहाजों को भुगतान पूरा करने के लिए सिर्फ एक छोटी समय-सीमा दी जाएगी.

टैंकरों को चेतावनी: 'अनुमति नहीं तो प्रवेश नहीं'

खाड़ी क्षेत्र में जारी चेतावनियों ने स्थिति को और जटिल बना दिया है. रिपोर्ट के मुताबिक टैंकरों को रेडियो प्रसारण के जरिए सावधान किया गया है कि बिना पूर्व अनुमति के गुजरने की कोशिश करने वाले किसी भी जहाज को सैन्य कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है.प्रसारक ने कहा, "यदि कोई भी जहाज बिना अनुमति के पारगमन करने का प्रयास करता है, तो उसे नष्ट कर दिया जाएगा।" ईरान जहाजों को अपनी तटरेखा के और करीब वाले रूट पर चलने के लिए भी प्रोत्साहित कर रहा है जिससे पश्चिमी या खाड़ी देशों से जुड़े जहाजों का जोखिम बढ़ सकता है.

संघर्ष विराम विस्तार में होर्मुज सबसे विवादास्पद मुद्दा 

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का भविष्य संघर्ष विराम को बढ़ाने वाली बातचीत में सबसे विवादास्पद मुद्दा बन गया है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि कोई भी समझौता तभी संभव है जब ईरान जलमार्ग का पूर्ण, तत्काल और सुरक्षित रूप से खोलना सुनिश्चित करे. वहीं ईरान के सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल ने अपने पर्यवेक्षण में सुरक्षित गुजर की नई रूपरेखा प्रस्तावित की है.

वैश्विक बाजारों में बढ़ी बेचैनी 

इस अनिश्चितता के कारण सैकड़ों जहाज खाड़ी में फंस गए हैं. रिपोर्ट के अनुसार वर्तमान में करीब 400 जहाज खाड़ी में इंतजार कर रहे हैं तथा उद्योग अधिकारियों ने स्थिति की तुलना कार पार्क से की है. लाखों बैरल तेल जहाजों पर ही अटका हुआ है क्योंकि कंपनियां ट्रांजिट नियमों पर स्पष्टता का इंतजार कर रही हैं. शिपिंग दिग्गज मर्स्क ने कहा है कि वह स्थिति का तत्काल आकलन कर रहा है लेकिन अभी सामान्य संचालन फिर से शुरू करने के लिए तैयार नहीं है.

ईरान-ओमान के बीच टोल प्लान पर विवाद 

यह सब उस रिपोर्ट के बाद आया है जिसमें कहा गया था कि ईरान और ओमान दो सप्ताह के संघर्ष विराम के दौरान स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों पर ट्रांजिट फीस वसूलने की योजना पर विचार कर रहे थे. हालांकि ओमान ने सख्ती से विरोध जताया है और कहा है कि मौजूदा समझौतों में इस जलमार्ग पर किसी भी प्रकार का टोल लगाने की अनुमति नहीं है.

ताजा खबरें

ट्रेंडिंग वीडियो