उत्तर कोरिया ने US -दक्षिण कोरिया ड्रिल्स के दौरान 10 बैलिस्टिक मिसाइलें फायर कीं, सियोल ने किया खुलासा

ये मिसाइल लॉन्च तब हुए, जब अमेरिका और दक्षिण कोरिया की सेनाएं जोर-शोर से वसंतकालीन सैन्य अभ्यास में जुटे हुए थे. उधर ट्रंप प्रशासन मध्य पूर्व में युद्ध की आग भड़का रहा था. दुनिया भर की नजरें इन तनावपूर्ण घटनाओं पर टिकी हुई हैं.

Goldi Rai
Edited By: Goldi Rai

नई दिल्ली: उत्तर कोरिया ने शनिवार को पूर्वी समुद्र की ओर लगभग 10 बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं, दक्षिण कोरिया की सेना ने यह जानकारी दी. यह कार्रवाई तब हुई जब दक्षिण कोरिया और अमेरिका संयुक्त सैन्य अभ्यास में व्यस्त थे, जिसे प्योंगयांग आक्रमण की पूर्वाभ्यास करार देता रहा है. यह मिसाइल लॉन्च उत्तर कोरिया की ओर से मजबूत संदेश के रूप में देखा जा रहा है, खासकर तब जब ट्रंप प्रशासन मध्य पूर्व में ईरान के खिलाफ बढ़ते युद्ध में उलझा हुआ है और क्षेत्रीय सुरक्षा पर सवाल उठ रहे हैं.

सुनान से लॉन्च, 350 किमी की उड़ान

दक्षिण कोरिया के संयुक्त चीफ्स ऑफ स्टाफ के अनुसार, मिसाइलें प्योंगयांग के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे वाले सुनान इलाके से दागी गईं. ये मिसाइलें लगभग 350 किलोमीटर की दूरी तय कर पूर्वी समुद्र में गिरीं. जेसीएस ने कहा कि सेना ने निगरानी बढ़ा दी है और संभावित अतिरिक्त लॉन्च के खिलाफ तैयार रहते हुए अमेरिका व जापान के साथ सूचनाएं साझा कर रही है.

जापान में कोई नुकसान नहीं

जापानी रक्षा मंत्री शिंजिरो को इजुमी ने बताया कि हथियार देश के विशेष आर्थिक क्षेत्र के बाहर गिरे और विमानों या जहाजों को कोई नुकसान नहीं पहुंचा. जापान ने अलर्ट जारी किया, लेकिन स्थिति सामान्य बनी रही.

हनमी अभ्यास 'फ्रीडम शील्ड' के बीच तनावये लॉन्च ऐसे समय हुए जब अमेरिका और दक्षिण कोरिया की सेनाएं हजारों सैनिकों के साथ वार्षिक वसंतकालीन अभ्यास फ्रीडम शील्ड चला रही हैं, जो 19 मार्च तक चलेगा. यह 11 दिवसीय कमांड पोस्ट एक्सरसाइज कंप्यूटर सिमुलेशन पर आधारित है, जिसमें वॉरियर शील्ड फील्ड ट्रेनिंग भी शामिल है. उत्तर कोरिया इन अभ्यासों को आक्रामक करार देता है और अक्सर इन्हें बहाना बनाकर अपनी मिसाइल या परमाणु परीक्षण करता है.

मध्य पूर्व युद्ध से दक्षिण कोरिया में चिंता

ट्रंप प्रशासन के ईरान के खिलाफ बढ़ते युद्ध ने दक्षिण कोरिया में सुरक्षा संबंधी चिंताएं बढ़ा दी हैं. स्थानीय मीडिया ने सुरक्षा कैमरा फुटेज और तस्वीरों के हवाले से दावा किया कि अमेरिका थाड सिस्टम के कुछ इंटरसेप्टर मिसाइलों को ईरान अभियान के लिए स्थानांतरित कर रहा है.दक्षिण कोरियाई राष्ट्रपति ली जे-म्युंग के कार्यालय ने एसोसिएटेड प्रेस के सवाल पर पुष्टि नहीं की, लेकिन कहा कि अमेरिकी सैन्य संपत्तियों का संभावित स्थानांतरण उत्तर कोरिया के खिलाफ सहयोगियों की रक्षा स्थिति को प्रभावित नहीं करेगा. कार्यालय ने पैट्रियट मिसाइल सिस्टम के स्थानांतरण की रिपोर्टों पर भी यही रुख अपनाया था.

कूटनीति की उम्मीदों पर पानी

लॉन्च से कुछ घंटे पहले दक्षिण कोरियाई प्रधानमंत्री किम मिन-सोक ने वाशिंगटन में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात की और वाशिंगटन-प्योंगयांग के बीच नई कूटनीति की उम्मीद जताई. राष्ट्रपति ली जे-म्युंग अंतर-कोरियाई संबंध सुधारना चाहते हैं. उनके कुछ वरिष्ठ अधिकारी मानते हैं कि ट्रंप की 31 मार्च से शुरू होने वाली चीन यात्रा प्योंगयांग के साथ कोई मौका पैदा कर सकती है. लेकिन शनिवार के लॉन्च ने इन उम्मीदों पर पानी फेर दिया, जो प्योंगयांग की ओर से चुनौती और हाल के महीनों में सियोल के प्रति सख्त रुख का संकेत है. उत्तर कोरिया ने हाल में बातचीत के लिए परमाणु निरस्त्रीकरण की मांग छोड़ने पर जोर दिया है.

किम यो जोंग की चेतावनी

उत्तर कोरियाई नेता किम जोंग उन की शक्तिशाली बहन किम यो जोंग ने मंगलवार को वाशिंगटन और सियोल के अभ्यासों की आलोचना की. उन्होंने कहा कि उत्तर कोरिया की सुरक्षा को कोई भी चुनौती देने से भयानक परिणाम होंगे. न्होंने वैश्विक सुरक्षा संरचना के तेजी से ढहने का जिक्र करते हुए कहा कि बेशर्म अंतरराष्ट्रीय बदमाशों के लापरवाह कृत्य के कारण दुनिया में युद्ध हो रहे हैं.

उत्तर कोरिया का ईरान समर्थन

उत्तर कोरिया के विदेश मंत्रालय ने अमेरिका-इजरायल के ईरान पर हमलों की निंदा की और तेहरान के नए सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई का समर्थन जताया.

रूस के साथ मजबूत संबंध

किम जोंग उन ने रूस को अपनी विदेश नीति की प्राथमिकता बनाया है. उन्होंने यूक्रेन युद्ध में मॉस्को को हजारों सैनिक और बड़ी मात्रा में सैन्य उपकरण भेजे, संभवतः सहायता और तकनीक के बदले.

ताजा खबरें

ट्रेंडिंग वीडियो