एक लंबी, गोरी लड़की...जेफरी एपस्टीन ने अनिल अंबानी को दिया ऑफर, उद्योगपति बोले-इंतजाम कर दीजिए
देश में कभी अरबपतियों की लिस्ट में शामिल होने वाले अनिल अंबानी इन दिनों सबसे कठिन दौर से गुजर रहे हैं. उनकी सारी संपत्ति खत्म होने के कगार पर है. इस बीच अमेरिकी न्याय विभाग की तरफ से जारी किए गए दस्तावेजों से पता चलता है कि एपस्टीन और भारतीय व्यवसायी अनिल अंबानी के बीच मैसेज के जरिए बातचीत हुई है.

नई दिल्ली : भारतीय औद्योगिक और राजनीतिक हलकों में हलचल मची है क्योंकि ब्लूमबर्ग ने जेफरी एपस्टीन और अनिल अंबानी के रिश्तों पर एक विस्तृत रिपोर्ट प्रकाशित की है. अमेरिकी न्याय विभाग के रिकॉर्ड्स यह स्पष्ट करते हैं कि इन दोनों प्रभावशाली व्यक्तियों के बीच 2017 से 2019 तक संदेशों का एक लंबा सिलसिला चलता रहा. इन संवादों में न केवल अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक संभावनाओं पर गहन चर्चा हुई, बल्कि एपस्टीन ने अंबानी को कई निजी सुझाव भी दिए थे. यह खुलासा अनिल अंबानी की पहले से ही विवादित सार्वजनिक छवि के लिए नई मुश्किलें पैदा कर सकता है.
पेरिस और न्यूयॉर्क में गुप्त मिशन
आपको बता दें कि पत्राचार के रिकॉर्ड के अनुसार, 2017 में इन दोनों दिग्गजों ने फ्रांस की राजधानी पेरिस में एक गुप्त और महत्वपूर्ण भेंटवार्ता करने की विस्तृत रूपरेखा तैयार की थी. हालांकि, समय और उचित स्थान के सटीक तालमेल की कमी के कारण यह प्रस्तावित मीटिंग उस समय धरातल पर नहीं उतर पाई. इसके पश्चात, 2018 के विश्व आर्थिक मंच के दौरान वे पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नीतिगत बयानों का विश्लेषण करते पाए गए. अंततः मई 2019 में जब अंबानी न्यूयॉर्क की यात्रा पर थे, तब एपस्टीन के मैनहट्टन स्थित निजी आवास पर उनकी औपचारिक मुलाकात संपन्न हुई.
किताबों के जरिए संबंधों की नींव
दरअसल, जेफरी एपस्टीन ने अंबानी परिवार के साथ अपने व्यापारिक और निजी संबंध प्रगाढ़ करने के लिए बाकायदा उनकी पारिवारिक भूमि का गहन अध्ययन किया था. ब्लूमबर्ग द्वारा प्राप्त ईमेल रिकॉर्ड्स के अनुसार, उसने मार्च 2017 में 'अंबानी एंड संस' जैसी पुस्तकों को मंगवाकर उनका अध्ययन किया ताकि वह उनके प्रभाव क्षेत्र को बेहतर ढंग से समझ सके. इस ऐतिहासिक जानकारी ने उसे अनिल अंबानी के साथ बातचीत शुरू करने के लिए एक विश्वसनीय आधार प्रदान किया. एपस्टीन की यह रणनीति दर्शाती है कि वह किस तरह रसूखदार लोगों के साथ जुड़ने के लिए प्रारंभिक तैयारी करता था.
एपस्टीन और अंबानी के बीच चौंकाने वाले संवाद
संदेशों के माध्यम से एपस्टीन और अंबानी के बीच महिलाओं की पसंद को लेकर हुए कुछ अत्यंत चौंकाने वाले संवाद सामने आए हैं. एपस्टीन ने जब उनसे उनकी व्यक्तिगत रुचि के बारे में पूछा, तो अंबानी ने हॉलीवुड सितारों का संदर्भ देते हुए स्कारलैट जोहानसन का नाम लिया था. इसके जवाब में एपस्टीन ने अपनी विवादास्पद शैली में जवान युवतियों के प्रति अपना विशेष आकर्षण व्यक्त किया था. मार्च 2017 के संवादों के अनुसार, जब एक स्वीडिश युवती का नाम सुझाया गया, तो अंबानी ने उसकी व्यवस्था करने के लिए तुरंत अपनी सहमति जताई थी.
सबसे कठिन दौर से गुजर रहे अनिल अंबानी
रिलायंस समूह के वर्तमान प्रमुख 66 वर्षीय अनिल अंबानी आज अपने जीवन के सबसे कठिन आर्थिक दौर से गुजर रहे हैं. उनकी वर्तमान वित्तीय स्थिति उनके बड़े भाई मुकेश अंबानी के बिल्कुल विपरीत है, जो एशिया के सबसे अमीर व्यक्तियों में शीर्ष पर काबिज हैं. बीते एक दशक में अनिल की व्यापारिक साख में भारी गिरावट आई है और उनकी व्यक्तिगत संपत्ति लगभग शून्य हो चुकी है. 2019 के एक अदालती संकट के दौरान बड़े भाई मुकेश ने ही करोड़ों डॉलर का भुगतान कर उन्हें जेल जाने से बचाया था. वर्तमान में वे साढ़े चार अरब डॉलर की बैंक धोखाधड़ी की जांच का सामना कर रहे हैं.
एपस्टीन और अंबानी का यह जुड़ाव केवल व्यक्तिगत विलासिता तक सीमित नहीं था, बल्कि यह बड़े व्यापारिक हितों का एक साझा मंच भी था. दावोस जैसे अंतरराष्ट्रीय आयोजनों पर उनकी चर्चाएं संकेत देती हैं कि वे विश्व की बदलती आर्थिक नीतियों को प्रभावित करने की कोशिश कर रहे थे. इस खुलासे ने न केवल अंबानी के निजी जीवन पर सवाल उठाए हैं, बल्कि यह भी दिखाया है कि कैसे वैश्विक फाइनेंसर दुनिया के बड़े उद्योगपतियों के साथ मिलकर अपनी पैठ और प्रभाव का विस्तार करने का प्रयास करते थे.


