मां के बिना तड़पता रहा 'पंच', खिलौने में ढूंढ़ी ममत अब मिली नई जिंदगी
जापान के इचिकावा शहर के चिड़ियाघर में रहने वाले 8 महीने के नन्हे बंदर ‘पंच’ की भावुक कहानी सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है. मां द्वारा छोड़े जाने के बाद उसने एक खिलौने में अपनी मां का साया ढूंढ़ लिया था.
नई दिल्ली: जापान के इचिकावा शहर के एक चिड़ियाघर में ‘पंच’ नाम का नन्हा बंदर जन्म के कुछ दिनों बाद ही अपनी मां से अलग हो गया था. 26 जुलाई 2025 को जन्मे पंच को उसकी मां ने छोड़ दिया, जिसके बाद कर्मचारियों ने बोतल से दूध पिलाकर उसकी जान बचाई. लेकिन मानसिक रूप से वह अकेलेपन से जूझ रहा था. उसकी उदासी दूर करने के लिए स्टाफ ने उसे एक भूरे रंग का रुई भरा खिलौना दिया. पंच उस खिलौने को अपनी मां समझकर उससे लिपटकर रहता था. उसकी तस्वीरें वायरल होने पर लोग भावुक हो गए. विशेषज्ञों के अनुसार, बंदरों के लिए भोजन से ज्यादा स्पर्श और ममता महत्वपूर्ण होती है. अब कहानी में सुखद मोड़ आया है. एक मादा बंदर ने पंच को अपनाया है. वह अब झुंड का हिस्सा बनकर सामान्य जीवन जी रहा है.


