Budget 2026: देश के किसानों के लिए वित्त मंत्री सीतारमण ने बजट में किए ये खास ऐलान
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट में कृषि और किसानों के लिए कई अहम घोषणाएं कीं. बजट में ‘भारत विस्तार’ नामक नई पहल की घोषणा की गई.

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शनिवार, 1 फरवरी को संसद में केंद्रीय बजट 2026 पेश किया. यह मोदी सरकार के तीसरे कार्यकाल का तीसरा आम बजट रहा, जिसमें सरकार ने अर्थव्यवस्था के विभिन्न क्षेत्रों के साथ-साथ कृषि और किसानों के लिए कई अहम घोषणाएं कीं.
‘भारत विस्तार’ नामक नई पहल की घोषणा
बजट भाषण में यह साफ तौर पर दिखा कि सरकार का फोकस किसानों की आय बढ़ाने, खेती को आधुनिक बनाने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने पर है. वित्त मंत्री ने किसानों के लिए ‘भारत विस्तार’ नामक एक नई पहल की घोषणा की. यह एक बहुभाषी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित सिस्टम होगा, जिसका उद्देश्य किसानों को कृषि से जुड़ी जरूरी जानकारियां आसानी से उपलब्ध कराना है. इस प्लेटफॉर्म के जरिए एग्री-स्टैक पोर्टल और भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR) द्वारा विकसित आधुनिक कृषि पद्धतियों की जानकारी को जोड़ा जाएगा. सरकार का मानना है कि समय पर सही जानकारी मिलने से किसानों की उत्पादकता बढ़ेगी और खेती में तकनीक का बेहतर इस्तेमाल संभव हो सकेगा.
खेती में विविधता को बढ़ावा देने पर जोर
बजट 2026 में खेती में विविधता को बढ़ावा देने पर भी विशेष जोर दिया गया है. तटीय इलाकों में नारियल, काजू और कॉफी जैसी उच्च मूल्य वाली फसलों को प्रोत्साहित करने की योजना बनाई गई है. इसके साथ ही ज्वार, बाजरा और अन्य मोटे अनाज की खेती को भी बढ़ावा दिया जाएगा, ताकि किसानों को बेहतर बाजार मूल्य मिल सके. सरकार का लक्ष्य फसलों की गुणवत्ता और उत्पादन दोनों को सुधारते हुए किसानों की आमदनी को स्थिर और मजबूत बनाना है. इन योजनाओं में छोटे और सीमांत किसानों को प्राथमिकता दी जाएगी.
ग्रामीण क्षेत्रों के युवाओं के लिए भी बजट में रोजगार और कौशल विकास से जुड़े कई प्रावधान किए गए हैं. आधुनिक कृषि उपकरणों, प्रशिक्षण कार्यक्रमों और नई तकनीकों के माध्यम से युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने पर जोर दिया गया है. इससे न सिर्फ कृषि क्षेत्र में रोजगार के अवसर बढ़ेंगे, बल्कि गांवों में आर्थिक गतिविधियों को भी गति मिलेगी.
इसके अलावा किसानों और कृषि श्रमिकों के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने की बात भी बजट में कही गई है. विशेष रूप से मानसिक स्वास्थ्य, योग और वैकल्पिक उपचार पद्धतियों को बढ़ावा देने पर फोकस रहेगा. कमजोर और वंचित वर्गों तक स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच बढ़ाने के साथ-साथ ग्रामीण रोजगार सृजन को भी सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल किया गया है.


