15 जनवरी को मनाया जाता है सेना दिवस, जयपुर में भव्य परेड का आयोजन

15 जनवरी को भारत में हर साल इंडियन आर्मी डे मनाया जाता है, जिसमें भारतीय सेना के साहस, समर्पण और बलिदान को सम्मानित किया जाता है.

Suraj Mishra
Edited By: Suraj Mishra

भारत में हर साल 15 जनवरी को इंडियन आर्मी डे के रूप में मनाया जाता है. यह दिन भारतीय सेना के अदम्य साहस, निष्ठा और बलिदान को सम्मानित करने का अवसर होता है. 2026 में इस दिन का 78वां संस्करण राजस्थान की राजधानी जयपुर में आयोजित किया जाएगा. इस मौके पर फील्ड मार्शल केएम करियप्पा को विशेष रूप से याद किया जाएगा, जिन्होंने स्वतंत्र भारत में 1949 में पहली बार भारतीय सेना की कमान संभाली थी.

सेना दिवस का महत्व

सेना दिवस का मुख्य उद्देश्य भारतीय थल सेना के जवानों की सेवा और बलिदान को याद करना है. ये जवान न केवल देश की सीमाओं की रक्षा करते हैं, बल्कि आपातकालीन परिस्थितियों में नागरिकों की सुरक्षा में भी सक्रिय भूमिका निभाते हैं. इस दिन देशभर में परेड, सम्मान समारोह और विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं ताकि देशवासियों में सैनिकों के योगदान और देशभक्ति की भावना बनी रहे.

फील्ड मार्शल केएम करियप्पा का योगदान

फील्ड मार्शल केएम करियप्पा का जन्म 1899 में कर्नाटक के कुर्ग जिले में हुआ था. उन्होंने महज 20 वर्ष की उम्र में ब्रिटिश इंडियन आर्मी में सेवा शुरू की. स्वतंत्र भारत में 1949 में उन्होंने पहली बार सेना की कमान संभाली और उन्हें ‘किपर’ के नाम से जाना गया. करियप्पा ने 1953 में सेना से सेवानिवृत्ति ली और उन्हें भारत का दूसरा फील्ड मार्शल होने का गौरव प्राप्त हुआ.

जयपुर में भव्य परेड

2026 के इंडियन आर्मी डे समारोह का आयोजन जयपुर में किया जाएगा. इस परेड में भारतीय सेना की ताकत, तकनीकी क्षमता और अनुशासन का शानदार प्रदर्शन किया जाएगा. अब यह परेड परंपरा से हटकर हर साल अलग-अलग शहरों में आयोजित की जा रही है. इससे पहले 2023 में बेंगलुरु, 2024 में लखनऊ और 2025 में पुणे में परेड हुई थी.

नई भैरव बटालियन का प्रदर्शन

इस बार परेड में पहली बार नई भैरव बटालियन को शामिल किया जाएगा. यह विशेष टीम चीन-पाक सीमा और हाई-रिस्क ऑपरेशन के लिए तैयार की गई है. इसमें 250 सैनिक शामिल होंगे, जिनमें इंफेंट्री, आर्टिलरी, एयर डिफेंस, सिग्नल और सपोर्ट यूनिट्स शामिल हैं. इसके अलावा लद्दाख, कुमाऊं, सिक्किम, डोगरा और गढ़वाल स्काउट्स की बटालियन्स भी मार्च करेंगी.

सेना दिवस का संदेश

सेना दिवस न केवल सेना की ताकत और अनुशासन को प्रदर्शित करता है, बल्कि यह देशवासियों में एकता और देशभक्ति की भावना को भी जगाता है. यह दिन हमें याद दिलाता है कि हमारी स्वतंत्रता और सुरक्षा के पीछे कितने समर्पित जवान खड़े हैं, जो हमेशा देश की सेवा में तत्पर रहते हैं.

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