पाकिस्तान में नासिर से निकाह करने वाली भारतीय सिख महिला सरबजीत कौर अरेस्ट...आज डिपोर्ट हो सकती हैं भारत
पंजाब की सरबजीत कौर, जो नवंबर में ननकाना साहिब की यात्रा पर पाकिस्तान गई थीं और वापस नहीं लौटीं, को अब पाकिस्तानी प्रशासन भारत भेज रहा है. पाकिस्तान में उन्होंने धर्म परिवर्तन कर स्थानीय युवक नासिर हुसैन से विवाह किया था. बाद में दोनों को हिरासत में लिया गया. अब उन्हें अटारी-वाघा सीमा पर भारतीय अधिकारियों को सौंपे जाने की तैयारी है.

नई दिल्ली : पाकिस्तानी प्रशासन ने पंजाब की रहने वाली सरबजीत कौर को भारत वापस भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है. सरबजीत कौर नवंबर में सिख जत्थे के साथ गुरु नानक देव जी के प्रकाश पर्व पर ननकाना साहिब गई थीं, लेकिन यात्रा समाप्त होने के बाद वह भारत नहीं लौटीं. उनके लापता होने के बाद यह मामला दोनों देशों में चर्चा का विषय बन गया था.
आपको बता दें कि जत्थे से अलग होने के कुछ दिनों बाद यह जानकारी सामने आई कि सरबजीत कौर ने पाकिस्तान के शेखूपुरा जिले के रहने वाले नासिर हुसैन से विवाह कर लिया है. रिपोर्ट्स के अनुसार, उन्होंने इस विवाह से पहले इस्लाम धर्म अपनाया और अपना नाम बदलकर नूर हुसैन रख लिया. यह विवाह लाहौर से लगभग 50 किलोमीटर दूर शेखूपुरा क्षेत्र में हुआ बताया गया.
IB ने दोनों को हिरासत में लिया
अदालत ने पुलिस को दखल देने से रोका
इससे पहले, दोनों ने लाहौर हाई कोर्ट का रुख किया था और आरोप लगाया था कि पुलिस उनके विवाह को खत्म कराने के लिए दबाव बना रही है. अदालत ने उस समय पुलिस को दखल न देने का निर्देश दिया था. सरबजीत कौर ने अदालत में यह भी कहा था कि वह पाकिस्तानी नागरिक से विवाहित हैं और नागरिकता से जुड़ी औपचारिकताओं के लिए भारतीय मिशन से संपर्क में हैं.
मर्ची से इस्लाम धर्म स्वीकार किया
हाल ही में सोशल मीडिया पर सामने आए एक छोटे वीडियो में सरबजीत कौर यह कहती नजर आईं कि उन्होंने अपनी मर्जी से इस्लाम धर्म स्वीकार किया और विवाह किया है. वीडियो में उन्होंने यह भी कहा कि वह लंबे समय से नासिर हुसैन को जानती हैं और वर्तमान में तलाकशुदा हैं.
भारत वापसी पर टिकी नजर
अब जबकि पाकिस्तान सरकार ने उन्हें भारत भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है, अटारी-वाघा सीमा पर उनके औपचारिक हस्तांतरण को लेकर दोनों देशों की एजेंसियां समन्वय में जुटी हैं. भारत लौटने के बाद सरबजीत कौर से भारतीय एजेंसियां पूछताछ कर सकती हैं, ताकि पूरे घटनाक्रम की स्थिति स्पष्ट हो सके.


