बांग्लादेश चुनाव में बीएनपी की बड़ी बढ़त, सरकार बनाने की दहलीज पर
बांग्लादेश के आम चुनावों में शुरुआती रुझानों ने सियासी तस्वीर को काफी हद तक स्पष्ट कर दिया है. बांग्लादेश राष्ट्रवादी पार्टी मजबूत बढ़त के साथ अगली सरकार बनाने की दिशा में आगे बढ़ती दिख रही है.

बांग्लादेश के आम चुनावों में शुरुआती रुझानों ने सियासी तस्वीर को काफी हद तक स्पष्ट कर दिया है. बांग्लादेश राष्ट्रवादी पार्टी (बीएनपी) मजबूत बढ़त के साथ अगली सरकार बनाने की दिशा में आगे बढ़ती दिख रही है. 300 सदस्यीय संसद के लिए जारी मतगणना के बीच उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार पार्टी बहुमत के करीब पहुंच चुकी है. हालांकि निर्वाचन आयोग ने अभी आधिकारिक परिणामों की घोषणा नहीं की है.
क्या हैं ताजा रुझान?
ताजा रुझानों में बीएनपी को 207 सीटों पर जीत मिलती दिखाई गई है. वहीं 11 दलों के गठबंधन के रूप में चुनाव मैदान में उतरी जमात-ए-इस्लामी को 46 सीटें हासिल हुई हैं. नेशनल सिटीजन पार्टी के खाते में 6 सीटें गई हैं, जबकि 5 सीटों पर निर्दलीय और अन्य उम्मीदवारों ने जीत दर्ज की है. आयोग के एक प्रवक्ता ने बताया कि कुछ क्षेत्रों में मतगणना जारी है और अंतिम नतीजे जल्द जारी किए जाएंगे.
यह चुनाव उस अंतरिम सरकार के बाद आयोजित किए गए, जिसका नेतृत्व मोहम्मद यूनुस कर रहे थे. यह अंतरिम प्रशासन अगस्त 2024 में अवामी लीग सरकार के पतन के बाद सत्ता में आया था और करीब 18 महीनों तक कार्यरत रहा. इस बार मुख्य मुकाबला बीएनपी और उसकी पूर्व सहयोगी जमात-ए-इस्लामी के बीच केंद्रित रहा. पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की पार्टी अवामी लीग चुनावी मैदान में नहीं उतरी, क्योंकि पार्टी का अस्तित्व पहले ही समाप्त हो चुका है.
मतदाताओं ने केवल संसदीय प्रतिनिधि चुनने तक खुद को सीमित नहीं रखा, बल्कि ‘जुलाई नेशनल चार्टर’ नामक 84 सूत्रीय सुधार प्रस्ताव पर भी अपनी राय दी. इस प्रस्ताव में राजनीतिक और प्रशासनिक ढांचे में व्यापक बदलाव की परिकल्पना की गई है.
बीएनपी की जीत पर कौन बनेगा पीएम?
बीएनपी ने स्पष्ट संकेत दिया है कि यदि वह सरकार बनाती है तो पार्टी प्रमुख और पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया के पुत्र तारिक रहमान को प्रधानमंत्री पद की जिम्मेदारी सौंपी जाएगी. पार्टी की केंद्रीय चुनाव संचालन समिति के प्रवक्ता महदी अमीन ने भरोसा जताया कि बीएनपी दो-तिहाई से अधिक सीटें हासिल कर स्थिर सरकार बनाएगी.
चुनाव के दौरान देशभर में कड़े सुरक्षा प्रबंध किए गए. लगभग दस लाख सुरक्षाकर्मियों की तैनाती के बीच मतदान शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ. शाम 4:30 बजे मतदान समाप्त होते ही मतगणना शुरू कर दी गई. 300 में से 299 सीटों पर 2,000 से अधिक उम्मीदवार मैदान में थे, जबकि एक क्षेत्र में प्रत्याशी की मृत्यु के कारण मतदान स्थगित रहा. तारिक रहमान ने समर्थकों से जश्न की बजाय प्रार्थना सभाएं आयोजित करने की अपील की, ताकि चुनाव परिणामों के बाद देश में शांति और सौहार्द बना रहे.


