Iran War Updates: ईरान युद्ध के बीच ट्रंप के लिए मुश्किलें, अमेरिकी सैन्य कार्रवाई के विरोध में अधिकतर लोग
ईरान के खिलाफ अमेरिकी सैन्य कार्रवाई को लेकर अमेरिका में जनमत बंटा हुआ है. हालिया सर्वे में सामने आया है कि अधिकतर अमेरिकी इस युद्ध के विरोध में हैं और उन्हें इसके आर्थिक असर, खासकर तेल और गैस की बढ़ती कीमतों को लेकर चिंता है.

नई दिल्ली: ईरान के खिलाफ अमेरिकी सैन्य कार्रवाई को लेकर अमेरिका के भीतर जनमत विभाजित नजर आ रहा है. कई सर्वेक्षणों में यह सामने आया है कि इस कार्रवाई का समर्थन करने वालों से ज्यादा लोग इसके विरोध में हैं, जिससे राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लिए राजनीतिक चुनौती खड़ी हो सकती है.
क्विनिपियाक यूनिवर्सिटी के ताजा सर्वे के मुताबिक, बड़ी संख्या में अमेरिकी नागरिक ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई से सहमत नहीं हैं। साथ ही, लोग इस संघर्ष के आर्थिक असर को लेकर भी चिंतित हैं, खासकर पेट्रोल और गैस की बढ़ती कीमतों को लेकर.
अधिकतर अमेरिकी सैन्य कार्रवाई के खिलाफ
सर्वे के अनुसार लगभग 53 प्रतिशत अमेरिकी नागरिक ईरान के खिलाफ अमेरिकी सैन्य कार्रवाई का विरोध कर रहे हैं। वहीं करीब 40 प्रतिशत लोग इस कदम का समर्थन कर रहे हैं, जबकि लगभग 10 प्रतिशत लोगों ने इस मुद्दे पर अपनी राय स्पष्ट नहीं की है.
ये आंकड़े लोगों से बातचीत के आधार पर तैयार किए गए सर्वेक्षण से सामने आए हैं.
जमीनी सैनिक भेजने का भी विरोध
सर्वे में यह भी पाया गया कि ईरान में अमेरिकी जमीनी सैनिक भेजने के मुद्दे पर भी ज्यादातर लोग असहमत हैं.करीब 75 प्रतिशत अमेरिकी नागरिक ईरान में जमीनी सैनिक भेजने के खिलाफ हैं, जबकि इसके समर्थन में केवल लगभग 20 प्रतिशत लोग ही सामने आए.
युद्ध से सुरक्षा खतरे की चिंता
सर्वे के नतीजों से यह भी संकेत मिला है कि कई अमेरिकी नागरिकों को चिंता है कि अगर अमेरिका ईरान के खिलाफ युद्ध या बड़े सैन्य हमले करता है, तो इससे देश की सुरक्षा बढ़ने के बजाय खतरा और बढ़ सकता है.
हालांकि इसके बावजूद लोग ईरान को अमेरिका की राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए एक संभावित खतरे के रूप में भी देखते हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह संघर्ष लंबा खिंचता है तो इससे आर्थिक अस्थिरता बढ़ सकती है, जो राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लिए चुनौती बन सकती है.
तेल और पेट्रोल की कीमतों को लेकर चिंता
सर्वे में बड़ी संख्या में अमेरिकियों ने कहा कि उन्हें इस युद्ध के कारण तेल और पेट्रोल की कीमतों में बढ़ोतरी की आशंका है.
अधिकांश लोगों का मानना है कि ईरान के खिलाफ अमेरिकी सैन्य कार्रवाई कम से कम कई महीनों तक जारी रह सकती है.
रिपब्लिकन पार्टी के समर्थक आम तौर पर राष्ट्रपति ट्रंप के साथ खड़े दिखाई देते हैं, लेकिन वे भी ईरान में अमेरिकी जमीनी सैनिक भेजने के पक्ष में नहीं हैं.
गैस की कीमतों पर पड़ सकता है असर
सर्वे के मुताबिक लगभग दो-तिहाई अमेरिकियों का मानना है कि इस युद्ध का असर अगले साल अमेरिका में गैस की कीमतों पर पड़ सकता है और कीमतें और बढ़ सकती हैं.
करीब 90 प्रतिशत लोगों ने चिंता जताई कि इस सैन्य कार्रवाई से अमेरिकी सैनिकों की जान को खतरा हो सकता है. इसमें 86 प्रतिशत रिपब्लिकन और 93 प्रतिशत डेमोक्रेट शामिल हैं.
अलग-अलग सर्वे में अलग तस्वीर
हालांकि सभी सर्वेक्षणों में राय एक जैसी नहीं है। फॉक्स न्यूज के एक सर्वे में मतदाताओं की राय लगभग बराबर बंटी हुई नजर आई. इसमें आधे लोगों ने सैन्य कार्रवाई का समर्थन किया, जबकि बाकी आधे ने इसका विरोध किया.
करीब 60 प्रतिशत लोगों ने कहा कि ईरान अमेरिका की राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए वास्तविक खतरा है. वहीं नोरक के एक अन्य सर्वे में लगभग आधे अमेरिकियों ने माना कि ईरान का परमाणु कार्यक्रम अमेरिका के लिए सीधा खतरा बन सकता है.


