दो विदेशी टैंकर जब्त...फारस की खाड़ी में ईरानी नौसेना की बड़ी कार्रवाई, हिरासत में 15 क्रू मेंबर
ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड ने फारस की खाड़ी में ईंधन तस्करी के आरोप में दो विदेशी ऑयल टैंकर को जब्त कर लिया है. हालांकि, अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि जब्त किए गए दोनों जहाज किस देश के है. इन जहाजों में करीब 10 लाख लीटर ईंधन था. कुल 15 क्रू सदस्यों को न्यायिक हिरासत में रखा गया है.

नई दिल्ली : फारस की खाड़ी में फिर से तनाव की खबर आई है. ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड ने ईंधन तस्करी के इल्जाम में दो विदेशी ऑयल टैंकर अपने कब्जे में ले लिए हैं. ईरानी सरकारी चैनल ने इसकी जानकारी दी है. अभी तक इन जहाजों के मालिक देश या उनके झंडे के बारे में कोई आधिकारिक ब्यौरा नहीं जारी किया गया है. कुल 15 क्रू मेंबर्स को न्यायिक हिरासत में रखा गया है.
आपको बता दें कि रिवोल्यूशनरी गार्ड के क्षेत्रीय कमांडर जनरल हैदर होनारियन मोजर्रद ने बताया कि दोनों टैंकर फारसी द्वीप के नजदीक से जब्त किए गए. इनमें कुल लगभग 10 लाख लीटर ईंधन भरा हुआ था, जिसमें डीजल भी शामिल है. पकड़े जाने के बाद इन जहाजों को ईरान के बुशहर बंदरगाह पर पहुंचा दिया गया है.
हिरासत में 15 क्रू मेंबर्स
पिछले महीनों एक विदेशी टैंकर को जब्त किया था
ईरान ने हाल के समय में इस इलाके में कई बार ऐसी कार्रवाई की है. दिसंबर में स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के पास एक विदेशी टैंकर जब्त हुआ था, जिसमें 16 क्रू सदस्य पकड़े गए थे. नवंबर में भी इसी समुद्री रास्ते पर एक और जहाज पर कब्जा किया गया था. ईरान इन कदमों को अवैध ईंधन तस्करी रोकने के तौर पर पेश करता है.
पश्चिमी देशों ने ईरान पर हमले का आरोप लगाया
पश्चिमी देशों ने ईरान पर 2019 से टैंकरों पर हमलों के आरोप लगाए हैं. 2021 में इजरायल से जुड़े एक टैंकर पर ड्रोन हमले में दो यूरोपीय नागरिकों की जान गई थी, जिसे ईरान ने बार-बार नकारा है. 2015 के परमाणु समझौते से अमेरिका के बाहर आने के बाद से इस क्षेत्र में ऐसी घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं. फारस की खाड़ी और होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के तेल व्यापार के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं, इसलिए यहां की हर घटना पर अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजर टिकी रहती है.


