बांग्लादेश के बाहर होने के बाद भारत की विश्व कप 2025 सेमीफाइनल में पहुंचने की उम्मीदें बढ़ीं, आईए क्वालीफिकेशन पर डालते हैं एक नजर
नवी मुंबई में श्रीलंका से सात रन की हार के बाद बांग्लादेश महिला टीम सेमीफाइनल की दौड़ से बाहर हो गई. इस हार से भारत को बड़ा फायदा हुआ है. अब भारत को सेमीफाइनल में पहुंचने के लिए सिर्फ न्यूजीलैंड को हराना होगा, जिससे उसका सफर आसान हो गया है.

नवी मुंबई के डीवाई पाटिल स्टेडियम में सोमवार, 20 अक्टूबर को खेले गए एक बेहद रोमांचक मुकाबले में बांग्लादेश ने जीत के करीब पहुंचने के बावजूद श्रीलंका के खिलाफ मुकाबला गंवा दिया. 203 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए बांग्लादेश की टीम मजबूत स्थिति में थी, लेकिन अंतिम ओवरों में बल्लेबाज़ों के ढह जाने से उसे 7 रनों से हार का सामना करना पड़ा. इस हार के साथ ही बांग्लादेश महिला टीम सेमीफाइनल की दौड़ से आधिकारिक रूप से बाहर हो गई है, जिससे वह टूर्नामेंट से बाहर होने वाली पहली टीम बन गई है.
मजबूत शुरुआत के बाद अचानक पतन
बांग्लादेश की शुरुआत लक्ष्य का पीछा करते हुए संतुलित रही. सलामी बल्लेबाज शर्मीम अख्तर ने शानदार अर्धशतक जड़ा, लेकिन चोट के चलते उन्हें मैदान छोड़ना पड़ा. इसके बाद कप्तान निगार सुल्ताना ने भी अर्धशतक लगाकर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया. उस समय टीम का स्कोर 176/3 था और जीत के लिए केवल 36 गेंदों में 30 रनों की जरूरत थी. लेकिन यहीं से मैच ने करवट ली. श्रीलंका की अनुभवी ऑलराउंडर चमारी अथापट्टू ने अंतिम ओवरों में कमाल का प्रदर्शन किया. उनके एक ओवर में चार विकेट गिरे, जिनमें एक रन आउट भी शामिल था. देखते ही देखते बांग्लादेश की टीम 194/9 पर सिमट गई और मुकाबला सात रनों से गंवा बैठी.
भारत के लिए आसान हुआ सेमीफाइनल का रास्ता
बांग्लादेश की इस हार से भारतीय महिला टीम को सेमीफाइनल में पहुंचने के लिए बड़ी राहत मिली है. भारत ने अब तक पांच मुकाबलों में से केवल चार अंक जुटाए हैं और उसे अपने अगले दो मैच न्यूजीलैंड और बांग्लादेश के खिलाफ खेलने हैं. अगर बांग्लादेश श्रीलंका को हराने में सफल होता, तो उसकी भी दो जीत के साथ चार अंक हो जाते, जिससे वह भारत के बराबर खड़ा होता. ऐसी स्थिति में भारत को दोनों मैच जीतने के बावजूद नेट रन रेट पर निर्भर रहना पड़ता. लेकिन अब, बांग्लादेश के सेमीफाइनल की दौड़ से बाहर होने के कारण भारत का रास्ता साफ हो गया है.
अब भारतीय टीम को सेमीफाइनल में स्थान सुनिश्चित करने के लिए केवल न्यूजीलैंड को हराना होगा. इससे टीम को तीन लगातार हार के बाद टूर्नामेंट में वापसी का मौका मिलेगा. कप्तान हरमनप्रीत कौर और उनकी टीम के लिए यह एक सुनहरा अवसर है, जिसे वे भुनाना चाहेंगी.


