रांची से दिल्ली जा रही एयर एम्बुलेंस क्रैश, विमान में सवार सभी 7 लोगों की दर्दनाक मौत
रांची से दिल्ली जा रही एक एयर एम्बुलेंस झारखंड के चतरा जिले में दुर्घटनाग्रस्त हो गई. मरीज को बेहतर इलाज के लिए ले जाया जा रहा था, लेकिन हादसे में पायलट समेत सभी सात लोगों की मौत हो गई. जांच जारी है.

रांची: रांची से दिल्ली के लिए उड़ान भरने वाली एक एयर एम्बुलेंस चतरा जिले में दुर्घटनाग्रस्त हो गया और कुछ ही घंटों में इस हादसे ने सात जिंदगियां छीन लीं. शुरुआती खबरों में केवल एक मौत की बात कही गई थी, लेकिन बाद में प्रशासन ने पुष्टि की कि विमान में सवार सभी लोगों की जान चली गई.
चतरा की उपायुक्त कीर्तिश्री ने मीडिया एजेंसी को बताया कि सिमरिया के पास हुए इस हादसे में एयर एम्बुलेंस में मौजूद सातों लोगों की मृत्यु हो गई. उप-मंडल पुलिस अधिकारी (एसडीपीओ) शुभम खंडेलवाल के अनुसार, दुर्घटना स्थल से सभी शव बरामद कर लिए गए हैं और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है.
कौन-कौन था सवार
इस एयर एम्बुलेंस में दो पायलट, एक मरीज, चिकित्सा दल के सदस्य और एक परिचारिका सवार थे. पायलट-इन-कमांड कैप्टन विवेक विकास भगत और सह-पायलट कैप्टन सवराजदीप सिंह की भी इस हादसे में मौत हो गई. मरीज की पहचान 41 वर्षीय संजय कुमार के रूप में हुई है. उनके साथ परिचारिका अर्चना देवी, धुरु कुमार, डॉ. विकास कुमार गुप्ता और पैरामेडिक सचिन कुमार मिश्रा भी मौजूद थे. सभी की मौके पर ही जान चली गई.
बेहतर इलाज के लिए जा रहे थे दिल्ली
संजय कुमार झारखंड के लातेहार जिले के चंदवा के रहने वाले थे. वह 65 प्रतिशत तक जल गए थे और 16 फरवरी को गंभीर हालत में रांची के एक अस्पताल में भर्ती कराए गए थे. अस्पताल के मुख्य प्लास्टिक सर्जन डॉ. अनंत सिन्हा ने बताया कि उनकी स्थिति गंभीर थी, इसलिए परिवार ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए दिल्ली भेजने का फैसला किया. सोमवार शाम करीब 4:30 बजे उन्हें अस्पताल से छुट्टी दी गई और इसके बाद एयर एम्बुलेंस के जरिए दिल्ली ले जाया जा रहा था.
उड़ान भरने के कुछ देर बाद टूटा संपर्क
रेडबर्ड एयरवेज प्राइवेट लिमिटेड द्वारा संचालित बीचक्राफ्ट सी90 विमान (पंजीकरण संख्या VT-AJV) ने रांची से शाम 7:11 बजे उड़ान भरी थी. इसे रात करीब 10 बजे दिल्ली पहुंचना था. नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) के अनुसार, शाम 7:34 बजे कोलकाता एटीसी से विमान का संपर्क और रडार सिग्नल अचानक टूट गया. बताया गया कि उस समय विमान वाराणसी से लगभग 100 समुद्री मील दक्षिण-पूर्व दिशा में था. कुछ ही देर बाद झारखंड के चतरा जिले में इसके दुर्घटनाग्रस्त होने की खबर सामने आई.
दुर्घटना के कारणों का अभी तक स्पष्ट पता नहीं चल सका है. मामले की गंभीरता को देखते हुए विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो (एएआईबी) की एक टीम को घटनास्थल पर भेजा गया है. विशेषज्ञ यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि हादसा तकनीकी खराबी, मौसम या किसी अन्य कारण से हुआ.


