पेट में 'बेबी' लेकर पैदा हुआ बच्चा, जानिए क्या होता है 'फीटस इन फीटू'
महाराष्ट्र के बुलढाणा में एक महिला के गर्भ में बच्चा था और उस बच्चे के गर्भ में एक और बच्चा भी पल रहा था. इस दुर्लभ स्थिति को 'फीटस इन फीटू' कहा जाता है. महिला का प्रसव सफल रहा और बच्चे को आगे के उपचार के लिए भेज दिया गया है.

कल्पना कीजिए, मां के गर्भ में एक बच्चा है और उस बच्चे के गर्भ में एक और बच्चा भी पल रहा है. इस पर विश्वास करना कठिन लगता है, लेकिन यह वास्तविकता है. क्योंकि बुलढाणा जिले में एक ऐसा ही चमत्कारी प्रसव हुआ. जहां एक महिला के गर्भ में बच्चा था और बच्चा उसके गर्भ में विकसित भी हो रहा था. यह घटना किसी अजीब फिल्म का हिस्सा नहीं, बल्कि सच्चाई है.
यहां तक कि डॉक्टर भी आश्चर्यचकित हो गए! यह मामला एक 32 वर्षीय महिला से संबंधित है, जो पहले से ही दो बच्चों की मां है. जब वह सोनोग्राफी के लिए अस्पताल आईं तो डॉक्टरों ने जो देखा उससे वे हैरान रह गए. महिला के गर्भ में एक बच्चा था, जबकि उस बच्चे के गर्भ में एक और बच्चा भी था. चिकित्सकीय भाषा में इसे 'फीटस इन फीटू' कहा जाता है. यह एक अत्यंत दुर्लभ घटना है, जो 500,000 गर्भवती महिलाओं में से किसी एक को होती है.
'भ्रूण में भ्रूण' स्थिति क्या है?
'फीटस इन फीटू' का अर्थ है कि एक बच्चे के गर्भ में दूसरा बच्चा विकसित हो रहा है. यह बहुत ही विचित्र एवं चमत्कारी स्थिति है, क्योंकि ऐसा आमतौर पर कभी नहीं होता. इसमें शिशु के शरीर के अंदर दूसरा छोटा शिशु विकसित हो जाता है, जो जन्म के समय कई समस्याएं पैदा कर सकता है. डॉक्टरों ने बताया कि प्रसव के बाद इस बच्चे को कई स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं.
जानिए क्या है 'फीटस इन फीटू'
जैसे ही डॉक्टरों को इस स्थिति का एहसास हुआ, उन्होंने अभूतपूर्व ऑपरेशन करने के बाद महिला को आगे के इलाज के लिए छत्रपति संभाजीनगर भेजने की योजना बनाई. लेकिन इस महिला का प्रसव बुलढाणा के एक सरकारी अस्पताल में हुआ. डॉक्टरों की एक टीम ने मिलकर बहुत सावधानी से महिला का प्रसव कराया. ऑपरेशन के दौरान बच्चे को महिला के पेट से सुरक्षित निकाल लिया गया और उसे तुरंत इलाज के लिए अमरावती भेज दिया गया. डॉक्टरों ने बहुत सावधानीपूर्वक ऑपरेशन किया और प्रसव बहुत सफल रहा.
सर्जरी के लिए अमरावती भेजा गया
लड़की को सर्जरी के लिए अमरावती भेजा गया. यद्यपि महिला का प्रसव सफल रहा, लेकिन डॉक्टर बच्चे के पेट में पल रहे दूसरे बच्चे को लेकर चिंतित थे. इसके लिए बच्चे को अमरावती भेजा गया, जहां उसकी सर्जरी होगी. डॉक्टरों का कहना है कि यह स्थिति बहुत गंभीर हो सकती है और बच्चे के लिए आगे का उपचार आवश्यक है.


