केंद्र सरकार की सख्ती, गाइडलाइंस के बाद अमेजन, फ्लिपकार्ट जैसे प्लेटफॉर्म्स ने हटाए वॉकी-टॉकी प्रोडक्ट्स

भारत सरकार ने ई-कॉमर्स प्लेटफार्मों पर अवैध वॉकी-टॉकी की बिक्री पर रोक लगाने के लिए नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं, जिससे उपभोक्ताओं को सुरक्षित रखने और आपातकालीन संचार व्यवधानों से बचाने का प्रयास किया गया है.

Simran Sachdeva

भारत में केंद्र सरकार ने ई-कॉमर्स प्लेटफार्मों पर वॉकी-टॉकी जैसे अवैध रेडियो उपकरणों की बिक्री को रोकने के लिए सख्त दिशा-निर्देश जारी किए हैं. केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (CCPA) ने उन ऑनलाइन मार्केटप्लेस जैसे अमेजन, फ्लिपकार्ट, मीशो, जिओमार्ट, मेटा और चिमिया से अवैध रूप से बिक रहे वॉकिज-टॉकिज की लिस्टिंग हटाने को कहा था. इस कदम से सरकार का उद्देश्य उपभोक्ताओं को सुरक्षित रखना और आपातकालीन सेवाओं, जैसे पुलिस और एंबुलेंस के संचार में विघ्न डालने वाले उपकरणों की बिक्री पर रोक लगाना है.

CCPA के अनुसार, इन दिशा-निर्देशों का उद्देश्य अवैध रेडियो उपकरणों की बिक्री को नियंत्रित करना और उन्हें ऑनलाइन प्लेटफार्मों पर लिस्टिंग से हटाना है. इनमें खासतौर पर वॉकी-टॉकी शामिल हैं, जो सुरक्षा के लिहाज से खतरे पैदा कर सकते हैं और कानून प्रवर्तन एजेंसियों की संचार व्यवस्था में हस्तक्षेप कर सकते हैं. ये उपकरण अक्सर बिना लाइसेंस और भारतीय कानूनों के उल्लंघन में बेचे जाते थे.

रेडियो उपकरणों की बिक्री पर नए दिशा-निर्देश

1. केवल प्रमाणित उपकरणों की बिक्री:
नई गाइडलाइंस के मुताबिक, केवल उन वॉकी-टॉकी की लिस्टिंग की अनुमति होगी, जो अनुमत आवृत्तियों के तहत काम करते हैं और जिनके पास जरूरी लाइसेंसिंग और प्रमाणपत्र होते हैं.

2. अनिवार्य घोषणाएं:
वस्तु की लिस्टिंग में आवृत्तियों, तकनीकी विवरणों और नियामक स्वीकृति जैसे उपकरण प्रकार अनुमोदन (Equipment Type Approval) का प्रमाण स्पष्ट रूप से शामिल करना आवश्यक होगा.

3. प्लेटफॉर्म की जिम्मेदारी:
ई-कॉमर्स प्लेटफार्मों को सुनिश्चित करना होगा कि जो उत्पाद और विक्रेता भारतीय लाइसेंसिंग नियमों का पालन नहीं कर रहे, उनकी लिस्टिंग को हटाया जाए.

4. भ्रामक जानकारी पर रोक:
प्रचार या विवरण में ये नहीं बताया जा सकता कि ये उपकरण कानूनी रूप से इस्तेमाल किए जा सकते हैं, अगर वे गैरकानूनी हैं.

5. स्पष्ट लेबलिंग:
वस्तुओं की लिस्टिंग में स्पष्ट रूप से लिखा जाएगा कि ये उपकरण प्रतिबंधित आवृत्तियों पर कार्य नहीं कर रहे हैं और आवृत्ति जानकारी उत्पाद विवरण में दिखाई देगी.

6. उल्लंघन पर दंड:
जो विक्रेता या प्लेटफॉर्म इन दिशा-निर्देशों का पालन नहीं करेंगे, उन्हें उपभोक्ता संरक्षण कानून, 2019 के तहत दंड का सामना करना पड़ेगा.

अब भी कई प्लेटफार्मों पर सक्रिय लिस्टिंग

नियमों का उल्लंघन करने वाले कुछ प्लेटफार्मों, जैसे कि 'टॉक प्रो' और 'मैकमैन टॉयज' ने अपनी लिस्टिंग को हटाया नहीं है, जिससे ये सवाल उठता है कि क्या ये प्लेटफार्म उचित रूप से नियमों का पालन कर रहे हैं. इसके अलावा, इंडिया मार्ट, OLX, कृष्णा मार्ट, वर्धान मार्ट और ट्रेड इंडिया जैसे प्लेटफार्मों पर अब भी अवैध वॉकी-टॉकी की लिस्टिंग देखी जा रही हैं. इन प्लेटफार्मों ने अभी तक कोई सार्वजनिक बयान नहीं दिया है, हालांकि, इन सभी को नोटिस जारी किए गए हैं.

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