'कांग्रेस के 4 MLA गायब, फोन भी बंद...,' बिहार राज्यसभा चुनाव को लेकर होटल पनाश में महागठबंधन की रातभर चली मीटिंग
बिहार में राज्यसभा का चुनाव चरम पर है. वोटिंग की पूर्व संध्या पर पटना के होटल पनाश में महागठबंधन की अहम बैठक हुई. मगर कांग्रेस के चार विधायक अचानक गायब रहे, जिससे सस्पेंस का माहौल बन गया. तेजस्वी यादव समेत सभी प्रमुख नेता मौजूद थे, मगर यह अनुपस्थिति सबकी नजरें खींच रही है.

बिहार में राज्यसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं. पटना के प्रमुख होटल पनाश में महागठबंधन के विधायकों को मतदान से पूर्व संध्या एकत्रित किया गया, जहां कांग्रेस के चार विधायकों का आने का इंतजार पूरी रात होते रहा. महागठबंधन के सूत्रों के अनुसार, फिलहाल इन चार विधायकों से संपर्क नहीं हो पा रहा है, जिससे राजनीतिक गलियारे में सस्पेंस की स्थिति बनी हुई है.
बिहार विधानसभा में कांग्रेस के कुल छह विधायक हैं, जिनमें से अभी तक केवल दो - किशनगंज से कमरूल होदा और चनपटिया से अभिषेक रंजन - होटल पनाश पहुंचे हैं. कमरूल होदा ने कहा है कि बाकी चार विधायक भी जल्द पहुंचेंगे और सभी कांग्रेस विधायक महागठबंधन के साथ मजबूती से खड़े हैं.
विधायकों का संपर्क नहीं हो पा रहा
संपर्क नहीं हो पाने वाले विधायकों में मनिहारी से मनोहर सिंह, फारबिसगंज से मनोज विश्वास, अररिया सदर से अब्दुर रहमान और वाल्मीकिनगर से सुरेंद्र कुशवाहा शामिल हैं. महागठबंधन के खास तौर पर आरजेडी के नेता इन विधायकों से संपर्क बढ़ाने में जुटे हैं.
आरजेडी की रणनीति
राज्यसभा चुनाव की रणनीति के तहत विधायकों को एक जगह रोकना महागठबंधन की अहम चाल मानी जा रही है, ताकि किसी तरह की किन्हीं संभावित दलीलों से बचा जा सके. आरजेडी के नेता तेजस्वी यादव भी होटल पनाश पहुंचे और विधायकों से विचार-विमर्श किया.
आरजेडी विधायक का दावा
आरजेडी विधायक भाई वीरेंद्र ने दावा किया कि महागठबंधन के पक्ष में कुल 48 विधायक हैं. उन्होंने कहा, हम लोग 48 का आंकड़ा पार करेंगे. अभी हमारा संख्या बल 41 है ही, लेकिन हम इसे 48 तक पहुंचाकर दिखाएंगे.
एसएसपी का बयान
एसएसपी कार्तिकेय कुमार शर्मा ने कहा है कि चुनाव को लेकर सभी प्रशासनिक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित किया जाएगा. उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कोई गड़बड़ी की कोशिश करता है तो उस पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी.


