राजधानी में हाई अलर्ट: खुफिया इनपुट के बाद शहर में सख्ती, आतंकी हमले की आशंका, लाल किला-चांदनी चौक पर नजर
राजधानी दिल्ली में खुफिया एजेंसियों को लश्कर-ए-तैयबा के आईईडी हमले की साजिश की खबर मिली है. चांदनी चौक के प्रसिद्ध मंदिर को खास निशाना बनाया जा सकता है. यह 6 फरवरी को इस्लामाबाद मस्जिद ब्लास्ट का बदला माना जा रहा है. तीन महीने पहले रेड फोर्ट के पास हुए विस्फोट की याद ताजा करते हुए सुरक्षा बल अब पूरी तरह मुस्तैद हैं.

नई दिल्ली: राजधानी में सुरक्षा एजेंसियों ने हाई अलर्ट जारी कर दिया है. खुफिया सूत्रों से मिली जानकारी के आधार पर संभावित आतंकी हमले की आशंका जताई जा रही है, जो भीड़-भाड़ वाले धार्मिक और ऐतिहासिक स्थलों को निशाना बना सकता है.पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा द्वारा भारत के प्रमुख शहरों में आईईडी हमले की साजिश रची जा रही है, जिसमें चांदनी चौक स्थित एक मंदिर को विशेष रूप से टारगेट करने की बात कही जा रही है. यह कथित तौर पर 6 फरवरी को इस्लामाबाद में एक मस्जिद पर हुए हमले का बदला लेने के लिए किया जा रहा है.
तीन महीने पहले हुए ब्लास्ट की याद ताजा
यह अलर्ट उस घटना के तीन महीने बाद आया है, जब रेड फोर्ट के निकट उसी मंदिर के आसपास हुए ब्लास्ट में 15 लोगों की जान चली गई थी. सुरक्षा बलों ने अब ऐसी किसी भी घटना को रोकने के लिए कड़ी तैयारियां शुरू कर दी हैं.
धार्मिक और ऐतिहासिक स्थलों पर बढ़ाई गई निगरानी
मंदिर परिसरों सहित प्रमुख धार्मिक और ऐतिहासिक स्थलों पर पैरा-मिलिट्री फोर्सेस की भारी तैनाती की गई है. इन इलाकों में गश्त को कई गुना बढ़ा दिया गया है ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत नजर रखी जा सके.
दिल्ली में प्रवेश करने वाले वाहनों पर सघन जांच
दिल्ली में प्रवेश करने वाले सभी वाहनों की गहन जांच की जा रही है. साथ ही सड़कों पर खड़े वाहनों, खासकर बिना मालिक वाले या संदिग्ध पार्किंग वाले वाहनों की भी बारीकी से तलाशी ली जा रही है.
सीसीटीवी फुटेज पर लगातार नजर
शहर भर में लगे सीसीटीवी कैमरों की रीयल-टाइम मॉनिटरिंग तेज कर दी गई है. किसी भी असामान्य हरकत या संदिग्ध व्यक्ति की पहचान के लिए विशेष टीमें तैनात की गई हैं.
स्थानीय लोगों और व्यापारियों से समन्वय
पुलिस ने बाजार कल्याण संघों, रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन, दुकानदारों, ठेला-खोमचे वालों और अन्य स्थानीय हितधारकों के साथ नियमित समन्वय बैठकें शुरू कर दी हैं ताकि सूचना का आदान-प्रदान सुचारू रूप से हो सके.
होटल, साइबर कैफे और किराएदारों की जांच
होटल, गेस्ट हाउस, साइबर कैफे, शॉपिंग मॉल, सिनेमा हॉल, सिम कार्ड विक्रेताओं और केमिकल की दुकानों पर व्यापक सत्यापन अभियान चलाया जा रहा है. किराएदारों, घरेलू नौकरों, चौकीदारों, मजदूरों और प्राइवेट सिक्योरिटी गार्ड्स की बैकग्राउंड जांच भी की जा रही है ताकि संवेदनशील स्थानों के आसपास कोई संदिग्ध व्यक्ति सक्रिय न रह सके.


