इलेक्शन कमीशन की बड़ी कार्रवाई, चुनाव के दौरान तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल से जब्त किए 1072 करोड़ रुपए
चुनाव आयोग ने दोनों राज्यों में फ्लाइंग स्क्वॉड टीमों और स्टैटिक सर्विलांस टीमों को बड़े स्तर पर उतारा है। पश्चिम बंगाल में 5,011 FST और 5,363 SST टीमें काम कर रही हैं। वहीं तमिलनाडु में 2,728 FST और 2,221 SST टीमें तैनात हैं।

नई दिल्ली: चुनाव आयोग ने 2026 के विधानसभा और उप-चुनावों से पहले बड़ा एक्शन लिया है। ECI के प्रेस नोट के मुताबिक तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में 26 फरवरी से 22 अप्रैल 2026 तक कुल 1,072.13 करोड़ रुपये की अवैध सामग्री जब्त की गई है।
इसमें नकदी, शराब, नशीले पदार्थ और सोना-चांदी शामिल हैं। अकेले तमिलनाडु में 599.24 करोड़ और पश्चिम बंगाल में 472.89 करोड़ रुपये की जब्ती हुई है। आयोग का कहना है कि चुनावी गड़बड़ियों से जुड़ी बरामदगी में दोनों राज्यों में भारी उछाल आया है।
इलेक्शन कमीशन ऑन हाई अलर्ट
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार चुनाव आयोग ने दोनों राज्यों में फ्लाइंग स्क्वॉड टीमों और स्टैटिक सर्विलांस टीमों को बड़े स्तर पर उतारा है। पश्चिम बंगाल में 5,011 FST और 5,363 SST टीमें काम कर रही हैं। वहीं तमिलनाडु में 2,728 FST और 2,221 SST टीमें तैनात हैं।
आयोग ने सभी दलों को मॉडल कोड ऑफ कंडक्ट का कड़ाई से पालन करने को कहा है। साथ ही साफ किया कि जांच के दौरान आम लोगों को परेशानी या उत्पीड़न न हो। इसके लिए जिला स्तर पर शिकायत निवारण समितियां भी बनाई गई हैं।
C-Vigil पर शिकायत दर्ज कराने की अपील
प्राप्त जानकारियों के मुताबिक ECI ने दलों और आम नागरिकों से कहा है कि MCC उल्लंघन की शिकायत C-Vigil मॉड्यूल के जरिए ECINET पोर्टल पर दर्ज कराएं। आयोग मानता है कि ये जब्तियां हिंसा, धमकी और प्रलोभन से मुक्त निष्पक्ष चुनाव की तरफ बड़ा कदम हैं। फ्लाइंग स्क्वॉड, स्टैटिक सर्विलांस टीमों और दूसरी एजेंसियों के जरिए सख्त कार्रवाई लगातार जारी है।
पारदर्शी चुनाव पर जोर, नागरिकों को राहत का भरोसा
गौरतलब है कि विशेष पर्यवेक्षकों ने दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव पर जोर दिया। चुनाव आयोग ने कहा कि प्रवर्तन एजेंसियां पूरी सतर्कता से काम कर रही हैं, लेकिन आम नागरिकों को कम से कम असुविधा हो, इसका ध्यान रखा जा रहा है।
ECI के अनुसार ये जब्तियां चुनावी प्रक्रिया की विश्वसनीयता और पारदर्शिता को और मजबूत करेंगी। आयोग ने राजनीतिक दलों और आम लोगों से चुनावी अनुशासन बनाए रखने में सहयोग मांगा है। पश्चिम बंगाल में पहले चरण की वोटिंग कल यानी 23 अप्रैल को होगी, जबकि तमिलनाडु में भी विधानसभा चुनाव के लिए मतदान है। दोनों राज्यों के नतीजे 4 मई को आएंगे।


